&format=webp&quality=medium)
पिछले दो साल में 60 लाख टैक्सपेयर बढ़े (फाइल फोटो)
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने लोकसभा में अपना बजट भाषण पढ़ना शुरू कर दिया है. ये बजट इस दशक का पहला बजट है जिसपर पूरे देश की नजरें हैं. ये बजट वित्तीय वर्ष 2020-21 के लिए है. वित्त मंत्री ने बजट शुरू करते हुए कहा कि भारत की इकोनॉमी के फंडामेंटल्स काफी मजबूत. उन्होंने कहा कि देश में पिछले दो सालों में 60 लाख से अधिक नए इनकम टैक्सपेयर जुड़े हैं. वहीं उन्होंने बताया कि जीएसटी लागू होने के बाद आम आदमी के घर में लगभग 04 फीसदी तक की बचत होना शुरू हो गई है.
रोजगार बढ़ाने के लिए करना होगा ये काम
इस मौके पर उन्होंने कहा कि हमें देश में रोजगार बढ़ाने के लिए को बढ़ावा देने की ज़रुरत है. इसके लिए इंटरप्रप्यूोरशिप को प्रोत्साहित करने की जरूरत है. वहीं उन्होंने बताया कि 2020 में जीएसटी का आसान वर्जन आएगा. उन्होंने कहाक कि बजट 2020 की थीम सबका साथ सबका विकास. बजट में इंफास्ट्रक्चर को सुधारने पर जोर रहेगा. साथ ही डिजीटल गर्वेनस से डिलीवरी में सुधार होगा.
सरकारी कर्ज घटा
वित्त मंत्री ने कहा कि ये बजट लोगों की आकांक्षाओं का बजट है. यह उद्देश्यों, आकांक्षाओं और उम्मीदों का बजट वंचित और शोषित वर्ग की उम्मीदों को पूरा करेगा. उन्होंने बताया कि FY14-19 में 7.4% औसत जीडीपी रही. भारत दुनिया की 5वीं सबसे बड़ी इकोनॉमी बन चुका है. पिछले 5 साल में सरकारी कर्ज 3.5% घटा है. मार्च 2019 तक जीडीपी के 48.7% के बराबर कर्ज था.
गरीबी घटाने की दिशा में बड़ा काम
वित्त मंत्री ने बताया कि देश में गरीबी को घटाने में बड़ी कामयाबी मिलेगी. 27 करोड़ लोग गरीबी से बाहर निकाले है. 4 साल में GST में 60 लाख टैक्सपेयर्स जुडे हैं. गरीबों के विकास के लिए काम जरुरी