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(Image- Freepik)
Subsidy News: अगर आपको बागवानी का शौक है और आपके पास जमीन नहीं है तो ये खबर आपके लिए है. बिहार सरकार छत पर बागवानी करने के लिए एक योजना लाई है. इसके तहत आप जैविक फल, फूल और सब्जी अपने छत पर उगा सकते हैं. इससे आप अपने घर पर सस्ती और ताजी सब्जियां उगा सकते हैं. यही नहीं, छत पर बागवानी करने के लिए राज्य सरकार सब्सिडी (Subsidy) भी दे रही है.
योजना का मुख्य उद्देश्य शहरी क्षेत्रों में घर के छत पर फल, फूल और सब्जी को बढ़ावा देना है. इस योजना का फायदा पटना, गया मुजफ्फरपुर और भागलपुर के शहरी क्षेत्रों को मिलेगा. इस योजना के तहत सरकार छत पर बागवानी करने के लिए 75% का अनुदान दे रही है. फार्मिंग बेड योजना के लिए मकान के छत पर 300 वर्ग फीट का खुला हुआ स्थान जरूरी है. फार्मिंग बेड प्रति यूनिट (300 वर्ग फीट) की कुल लागत 50,000 रुपये है. इस पर 37,500 रुपये (75% यूनिट के लागत का) और बाकी 12,500 रुपये लाभार्थी द्वारा देय होगा. अधिकतम 2 यूनिट (निजी आवास) और 5 यूनिट (संस्थान/अपार्टमेंट) में देय है.
गमले की योजना की यूनिट कॉस्ट 10,000 रुपये है, अनुदान 7.500 रुपये (75% यूनिट के लागत का) और बाकी 2.500 रुपये आपको खर्च करने होंगे. अधिकतम 5 यूनिट का फायदा किसी भी आवेदक द्वारा लिया जा सकेगा. किसी भी संस्थान को इस अनुदान का लाभ देय नहीं है.
छत पर बागवानी योजना का लाभ पाये, जैविक फल, फूल और सब्ज़ी अपने छत पर उगाएं। https://horticulture.bihar.gov.in पर योजना का फायदा लेने के लिए ऑनलाइन आवेदन करें. वेबसाइट के Dashboard फर उपलब्ध 'छत पर बागवानी योजना' के 'आवेदन करें' लिंक पर जाएं और जरूरी डीटेल भरकर आवेदन दर्ज कर सकते हैं.

बिहार सरकार उद्यान निदेशालय, कृषि विभाग के मुताबिक, फार्मिंग बेड के तहत सब्जी, फल और औषधीय पौधे लगा सकते हैं.
सब्जी- बैंगन, टमाटर, मिर्च, गोभी, गाजर, मूली, भिंडी, पत्तेदार सब्जी, कद्दू उगा सकते हैं.
फल- अमरूद, कागजी नींबू, पपीता (रेड लेडी), आम (आम्रपाली), अनार और अंजीर उगाया जा सकता है.
औषधीय पौधे- धृत कुमारी, करी पत्ता, वसाका, लेमन ग्रास और अश्वगंधा की गार्डेनिंग कर सकते हैं.