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Delhi EV Policy: दिल्ली सरकार ने नगरवासियों को प्रदूषण से राहत देने के लिए राहत भरी खबर का ऐलान किया है. दिल्ली सरकार ने साल 2024 के लिए ईवी पॉलिसी (EV Policy) का ऐलान किया है. इस नई पॉलिसी के तहत साल 2024 तक हर 15 इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए एक सार्वजनिक चार्जिंग स्टेशन बनाने की योजना बनाई गई है. इसके अलावा दिल्ली सरकार बैटरी स्वैप (बैटरी आदान-प्रदान) पॉलिसी का संचालन करने वालों को प्रोत्साहन देने पर भी विचार कर रही है. बता दें कि दिल्ली सरकार की इस नीति में बिजली वितरण कंपनियां भी शामिल हैं, जो ग्रिड पर इलेक्ट्रिक व्हीकल चार्जिंग (Electric Vehicle Charging) के असर का अध्ययन करेगी.
दिल्ली सरकार ने सोमवार को अपनी इलेक्ट्रिक व्हीकल नीति के 2 साल पूरे होने पर इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए चार्जिंग कार्य योजना जारी की है. इसे पहली बार 2020 में पेश किया गया था. इस नीति का नाम 2022-25 के लिए चार्जिंग/बैटरी अदला-बदली के बुनियादी ढांचे की कार्य योजना रखा गया है.
दस्तावेज में कहा गया है कि वाहन विनिर्मताओं को अपने अदला-बदली मॉडल को अलग से पंजीकृत करने के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा. बता दें कि बैटरियों की लागत आमतौर पर कुल ईवी लागत का 40-50 फीसदी होती है और ये ईवी उपयोगकर्ता को बैटरी खराब होने के जोखिम से भी बचाती है.
दिल्ली सरकार की ओर से जारी नोटिफिकेशन के मुताबिक, दिल्ली सरकार का लक्ष्य 2024 तक हर 15 ईवी के लिए एक सार्वजनिक चार्जिंग स्टेशन देना है. चार्जिंग स्टेशन का ये जाल पूरे दिल्ली में फैलाया जाएगा. दिल्ली में कहीं से भी तीन किलोमीटर के भीतर एक चार्जिंग स्टेशन उपलब्ध किया जाएगा.