Banana Farming: किसानों को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने के लिए केंद्र और राज्य सरकारें बागवानी को प्रोत्साहित कर रहे हैं. इसी कड़ी में बिहार सरकार किसानों को फलदार पौधे लगाने पर सब्सिडी प्रदान कर रही है. इसके अलावा, बिहार सरकार कृषि विभाग,उद्यान निदेशालय किसानों को फलदौर पौधा लगाने का गुर भी सीखा रहा है. (Image- Pixabay)
1/5किसानों को आम, केला, अमरूद और पपीते की बागवानी करने की सलाह दी जा रही है. ताकि तगड़ी कमाई कर सकें. किसानों को लगातार परंपरागत खेती से अलग एकीकृत बागवानी विकास मिशन से जुड़ने के लिए जागरूक किया जा रहा है. (Image- Pixabay)
2/5इसके लिए उद्यान विभाग किसानों की मदद कर रहा है. इसी कड़ी में किसानों को केले की खेती (Banana Cultivation) करने के लिए उद्यान विभाग सहायता कर रहा है. ऐसे में अगर किसान इससे जुड़ते हैं, तो उन्हें परंपरागत धान और गेहूं की खेती के लिए अतिरिक्त केले की खेती से फायदा होगा. (Image- Pixabay)
3/5उद्यान विभाग ने केले की खेती करने के लिए पूरे जिले भर में 25 हेक्टेयर एरिया का लक्ष्य तय किया है. इसके तहत टिश्यू कल्चर (Tissue Culture) केले की रोपाई का लक्ष्य रखा गया है. (Image- Pixabay)
4/5उद्यान विभाग किसानों को केले की खेती करने के लिए प्रति हेक्टेयर लागत पर 50 फीसदी सब्सिडी दे रही है. अभी तक 15 किसानों को केला के पौधा का वितरण किया गया है. (Image- Pixabay)
5/5उद्यान विभाग ने एक हेक्टेयर में केले की खेती करने पर लगभग 1 लाख रुपये से ज्यादा खर्च आता है. ऐसे में किसानों को 50 फीसदी सब्सिडी दी जाती है. ये सब्सिडी किसानों को 2 वर्षों में दिया जाएगा. (File Image)