दिसंबर, 2023 में आठ प्रमुख बुनियादी उद्योगों की वृद्धि धीमी होकर 14 महीने के निचले स्तर 3.8 फीसदी पर आ गई है. एक साल पहले इसी अवधि में बुनियादी उद्योग का उत्पादन 8.3 फीसदी बढ़ा था. बुधवार को जारी आधिकारिक आंकड़ों में यह जानकारी दी गई. इस दौरान कच्चा तेल, बिजली, इस्पात और सीमेंट क्षेत्र का प्रदर्शन कमजोर रहा. 8 प्रमुख बुनियादी ढांचा क्षेत्रों में कोयला, कच्चा तेल, प्राकृतिक गैस, रिफाइनरी उत्पाद, उर्वरक, इस्पात, सीमेंट और बिजली शामिल हैं. इनकी वृद्धि नवंबर में 7.9 फीसदी थी. दिसंबर, 2023 से निचला स्तर अक्टूबर, 2022 में 0.9 फीसदी था.

अप्रैल-दिसंबर के दौरान ग्रोथ 8.1% पर स्थिर

COMMERCIAL BREAK
SCROLL TO CONTINUE READING

चालू वित्त वर्ष 2023-24 में अप्रैल-दिसंबर के दौरान इन आठ क्षेत्रों की वृद्धि सालाना आधार पर 8.1 फीसदी पर स्थिर रही है. दिसंबर, 2023 के दौरान कोयला, रिफाइनरी उत्पाद, उर्वरक, इस्पात, सीमेंट और बिजली का उत्पादन बढ़ने की रफ्तार घट गई.

केवल नैचुरल गैस प्रोडक्शन में पॉजिटिव ग्रोथ

समीक्षाधीन महीने में केवल प्राकृतिक गैस का उत्पादन सालाना आधार पर अधिक रहा. यह उद्योग दिसंबर, 2022 के 2.6 फीसदी के मुकाबले दिसंबर, 2023 में 6.6 फीसदी बढ़ा. पिछले साल दिसंबर में कच्चे तेल का उत्पादन एक फीसदी घट गया. आठ प्रमुख बुनियादी उद्योग औद्योगिक उत्पादन सूचकांक (आईआईपी) में 40.27 फीसदी का योगदान करते हैं.

दिसंबर में IIP ग्रोथ 1-3 फीसदी रह सकती है

बिजली, इस्पात और सीमेंट का उत्पादन दिसंबर, 2023 में क्रमश: 0.6 फीसदी, 5.9 फीसदी और 1.3 फीसदी की रफ्तार से बढ़ा. दूसरी ओर दिसंबर, 2022 में ये आंकड़े क्रमश: 10.4 फीसदी, 12.3 फीसदी और 9.5 फीसदी थे. ICRA लिमिटेड की मुख्य अर्थशास्त्री अदिति नायर ने कहा कि प्रमुख बुनियादी उद्योगों के बढ़ने की रफ्तार 14 महीने के निचले स्तर पर आ गई है. ऐसे में दिसंबर, 2023 में आईआईपी में वृद्धि की रफ्तार 1-3 फीसदी रह सकती है.