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मिडिल ईस्ट में पिछले तीन हफ्तों से चल रहे भायवह युद्ध के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने एक बड़ी घोषणा की है. ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रूथ सोशल में लिखा है कि अमेरिका 'ईरानी आतंकी शासन' के खिलाफ अपने सैन्य अभियानों को "समेटने" पर सोच विचार कर रहा है, क्योंकि अमेरिकी सेना अपने निर्धारित लक्ष्य को हासिल करने के बेहद करीब पहुंच गई है. आपको बता दें कि बीते दिनों में इस युद्ध में ईरान में अब तक 1300 से ज्यादा लोग मारे गए हैं. लेबनान में 1,000 से ज्यादा मौतें हुई हैं और 10 लाख लोग विस्थापित हो गए हैं.
राष्ट्रपति ट्रंप ने अपनी पोस्ट में पांच अहम सैन्य उद्देश्यों को बताया है, जो अमेरिका हासिल करने जा रहा है. ये हैं- ईरान की मिसाइल क्षमता का खत्मा, डिफेंस स्ट्रक्चर को तबाह करना, नौसेना और वायुसेना का अंत, परमाणु क्षमता पर सख्त रोक, सहयोगियों की सुरक्षा.
राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज को लेकर साफ किया है कि इसका इस्तेमाल करने वाले दूसरे देशों को ही इसकी सुरक्षा करनी होगी. ट्रंप के मुताबिक अमेरिका को हॉर्मुज की जरूरत नहीं है.
ट्रंप ने कहा- "अमेरिका को जरूरत नहीं"
मध्य पूर्व में इस युद्ध के कारण वैश्विक स्तर पर तेल, गैस और ऊर्जा का गंभीर संकट पैदा हो गया है. ब्रेंट क्रूड ऑयल की कीमत 70 डॉलर से उछलकर 108 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गई है, जिससे दुनिया भर के कई शेयर बाजार गोते लगा रहे है. इसी बीच ईरान ने अपनी जवाबी कार्रवाइयों का दायरा बढ़ाते हुए दुनिया भर के टूरिस्ट स्पॉट्स और पार्कों को निशाना बनाने की धमकी दी है. हाल ही में ईरानी ड्रोन ने कुवैत की मीना अल अहमदी रिफाइनरी पर भी हमला किया है. युद्ध में इजरायल में 15 और 13 अमेरिकी सैनिक मारे जा चुके हैं.