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1 अप्रैल 2025 से नए Financial Year की शुरआत हो गई है. इसी के साथ जेब जरूरत और लेन-देन से जुड़े कई बदलाव हुए हैं. लिस्ट में ऑनलाइन पेमेंट, GST दरें, इनकम टैक्स स्लैब, बैंक बैलेंस, LPG सिलेंडर के प्राइस, TDS, टोल टैक्स, क्रेडिट कार्ड रूल्स और फाइनेंशियल चेंजेंज शामिल