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सोमवार को इस शेयर पर रखना नजर, ब्रोकरेज ने घटाई रेटिंग (फोटो - AI)
शुक्रवार के दिन टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल (TMPV) का शेयर जबरदस्त तेजी के साथ बंद हुआ था. टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल का शेयर 5.22% की तेजी के साथ बंद हुआ था. कंपनी के तिमाही नतीजे आए. मुनाफे में भारी गिरावट दर्ज हुई लेकिन स्टॉक का प्रदर्शन जबरदस्त रहा. हालांकि ब्रोकरेज को ऐसा नहीं लगता. इस शेयर पर नतीजों के बाद एक, दो नहीं बल्कि 4 ब्रोकरेज कंपनियों ने SELL की रेटिंग दे दी है.
इन चारों ब्रोकरेज कंपनियों को लगता है कि इस शेयर में एग्जिट लिया जा सकता है. बिकवाली की रेटिंग है और इस लिस्ट में घरेलू ब्रोकरेज कंपनी मोतीलाल ओसवाल, ग्लोबल ब्रोकरेज कंपनी जेफरीज, सिटी और UBS शामिल हैं. ब्रोकरेज का मानना है कि इस शेयर में 14-15% तक का डाउनसाइड आ सकता है.
| ब्रोकरेज | रेटिंग | टारगेट (रुपए) | डाउनसाइड |
| मोतीलाल ओसवाल | Sell | 303 | 14.9% |
| Jefferies | Underperform | 300 | 15% |
| UBS | Sell | 325 | 8.71% |
| Citi | Sell | 330 | 7.30% |
मार्जिन पर दबाव: कंपनी का चौथी तिमाही (4Q) प्रदर्शन अनुमान से बेहतर रहा है, चाहे भारत का कारोबार हो या फिर JLR. हालांकि भारतीय पैसेंजर व्हीकल (PV) बाजार की मांग का आउटलुक अभी भी सकारात्मक बना हुआ है, लेकिन इनपुट कॉस्ट में तेज बढ़ोतरी के चलते निकट भविष्य में कंपनी पर मार्जिन का दबाव देखने को मिल सकता है.
JLR की चुनौतियां: वहीं JLR को मांग और लागत, दोनों मोर्चों पर कई चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है. कंपनी ने लागत घटाने के लिए बड़े कदम उठाए हैं, लेकिन मौजूदा दबाव को यह केवल आंशिक रूप से ही कम कर पाएगा.
SELL रेटिंग: JLR के सामने मौजूद बड़ी चुनौतियों और जारी भू-राजनीतिक अनिश्चितताओं को देखते हुए ब्रोकरेज ने स्टॉक पर अपनी ‘Sell’ रेटिंग बरकरार रखी है. ब्रोकरेज ने FY28E के आधार पर SoTP वैल्यूएशन के जरिए शेयर का टारगेट प्राइस 303 रुपये प्रति शेयर तय किया है. इसमें JLR बिजनेस को 2x EV/EBITDA और भारतीय PV कारोबार को 13x EV/EBITDA के आधार पर वैल्यू किया गया है.

कंपनी का EBITDA तिमाही-दर-तिमाही (QoQ) आधार पर काफी बेहतर रहा और यह अनुमान से 23% ज्यादा रहा. इसका मुख्य कारण JLR और भारतीय कारोबार में बेहतर मार्जिन रहा.
JLR पर साइबर अटैक का असर अब पीछे छूट चुका है, लेकिन कंपनी को अभी भी कई चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है. JLR के सामने चीन में बढ़ती प्रतिस्पर्धा और कंजम्प्शन टैक्स, ज्यादा डिस्काउंट और वारंटी कॉस्ट जैसी परेशानियां हैं. इसके अलावा कंपनी के प्रमुख मॉडल अब पुराने पड़ने लगे हैं, जिसका असर मांग पर पड़ सकता है.
भारतीय पैसेंजर व्हीकल (PV) कारोबार का प्रदर्शन अच्छा बना हुआ है, लेकिन ब्रोकरेज का मानना है कि यह JLR कारोबार में आने वाले दबाव की पूरी भरपाई नहीं कर पाएगा.
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ब्रोकरेज कंपनी सिटी ने बिकवाली की राय दी है. ब्रोकरेज ने टारगेट प्राइस को 345 रुपए से घटाकर 330 रुपए कर दिया है. इसके अलावा, ब्रोकरेज कंपनी यूबीएस ने भी बिकवाली की राय दी है और टारगेट प्राइस 310 रुपए से बढ़ाकर 325 रुपए कर दिया है.
| Duration | Change (%) |
| 1 हफ्ता | 0.34 |
| 1 महीना | -0.38 |
| 1 साल | -20.75 |
| 3 साल | 8.69 |
| 5 साल | 84.71 |
| 10 साल | 47.93 |
(डिस्क्लेमर: यहां स्टॉक्स में निवेश की सलाह ब्रोकरेज/एक्सपर्ट द्वारा दी गई है. ये जी बिजनेस के विचार नहीं हैं. निवेश से पहले अपने एडवाइजर से सलाह लें.)
आर्टिकल से जुड़े महत्वपूर्ण सवाल (FAQs)
Q1 Tata Motors PV के शेयर पर ब्रोकरेज क्यों निगेटिव हैं?
ब्रोकरेज कंपनियों का मानना है कि बढ़ती इनपुट कॉस्ट, JLR बिजनेस की चुनौतियां और ग्लोबल अनिश्चितताओं के चलते स्टॉक पर दबाव रह सकता है.
Q2 किन ब्रोकरेज कंपनियों ने SELL रेटिंग दी है?
मोतीलाल ओसवाल, जेफरीज, सिटी और यूबीएस ने स्टॉक पर बिकवाली की राय दी है.
Q3 ब्रोकरेज के मुताबिक स्टॉक में कितना डाउनसाइड है?
ब्रोकरेज कंपनियों के अनुसार शेयर में करीब 14-15% तक गिरावट की संभावना हो सकती है.
Q4 JLR बिजनेस को लेकर क्या चिंताएं हैं?
चीन में बढ़ती प्रतिस्पर्धा, ज्यादा डिस्काउंट, वारंटी कॉस्ट और पुराने मॉडल्स JLR के लिए बड़ी चुनौतियां मानी जा रही हैं.
Q5 कंपनी के तिमाही नतीजे कैसे रहे?
कंपनी का EBITDA अनुमान से बेहतर रहा और JLR व भारतीय कारोबार में बेहतर मार्जिन देखने को मिला, हालांकि मुनाफे में गिरावट दर्ज की गई.