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शेयर बाजार में कभी-कभी ऐसा होता है जब किसी ब्रोकरेज फर्म की निगेटिव राय के बावजूद निवेशकों का भरोसा किसी शेयर पर बना रहता है. कुछ ऐसा ही हाल हुआ NMDC (नेशनल मिनरल डेवलपमेंट कॉरपोरेशन) के शेयर के साथ. भले ही इंटरनेशनल ब्रोकरेज फर्म Citi ने इस स्टॉक पर SELL रेटिंग दी है, लेकिन सोमवार को बाजार बंद होने तक इस शेयर में खरीदारी देखने को मिली.
Citi ने NMDC पर अपनी SELL रेटिंग बरकरार रखी है, हालांकि उन्होंने शेयर का टारगेट प्राइस 58 रुपए से बढ़ाकर 60 रुपए कर दिया है. फिलहाल NMDC का शेयर ₹70.50 के भाव पर ट्रेड कर रहा है. इसका मतलब है कि Citi के हिसाब से शेयर अभी भी ज्यादा भाव पर चल रहा है और इसमें गिरावट की संभावना है.
Citi का कहना है कि स्टील की कीमतों में आने वाले समय में गिरावट देखने को मिल सकती है. उन्होंने बताया कि मई 2025 में भारत में स्टील के आयात में बढ़ोतरी हुई है, जिससे घरेलू स्टील की कीमतें प्रेशर में आ सकती हैं. अभी घरेलू कीमतें इम्पोर्ट की तुलना में ज्यादा हैं, जो टिकाऊ नहीं लगतीं.
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इसके अलावा, Citi की ग्लोबल रिसर्च टीम का मानना है कि 2025 में आयरन ओअर (लौह अयस्क) का बाजार हल्के अधिशेष (surplus) में रह सकता है, यानी सप्लाई डिमांड से ज्यादा रह सकती है. इससे कीमतों पर दबाव बना रह सकता है.
अब सवाल ये है कि जब ब्रोकरेज SELL की सलाह दे रहा है, तो निवेशक इस शेयर को क्यों खरीद रहे हैं? इसके पीछे कई संभावित वजहें हो सकती हैं. कई निवेशकों को लगता है कि सरकार के इंफ्रास्ट्रक्चर फोकस और मेटल सेक्टर की दीर्घकालिक मांग से NMDC को फायदा हो सकता है. NMDC एक सरकारी कंपनी है जो नियमित रूप से डिविडेंड देती है और इसकी बैलेंस शीट मजबूत मानी जाती है. ₹100 से कम के भाव पर स्टॉक्स हमेशा रिटेल निवेशकों को आकर्षित करते हैं, और ₹70 के आसपास का शेयर उन्हें सस्ता और सुरक्षित नजर आता है.
(डिस्क्लेमर: यहां स्टॉक्स में निवेश की सलाह ब्रोकरेज हाउस द्वारा दी गई है. ये जी बिजनेस के विचार नहीं हैं. निवेश से पहले अपने एडवाइजर से परामर्श कर लें.)