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बाजार में मौजूदा समय में करेक्शन का माहौल है. निफ्टी 50 इंडेक्स लाल निशान में ट्रेड करते हुए नजर आ रहा है. आने वाले समय बाजार के लिए काफी क्रिटिकल हो सकता है. निफ्टी 50 स्ट्रैटेजिक तौर पर 26,000 के साइकोलॉजिकल लेवल के ऊपर नहीं टिकता है, जो कि 20-DMA के भी करीब है, तब तक ऊपरी स्तरों पर बिकवाली का दबाव बना रह सकता है. ऐसे में नए निवेशकों के लिए बाजार में एंट्री करना थोड़ा कठिन हो सकता है. लेकिन घरेलू ब्रोकरेज फर्म मोतीलाल ओसवाल (Motilal Oswal) ने नई रिपोर्ट जारी की है.
मोतीलाल ओसवाल की नई रिपोर्ट में Canara HSBC Life Insurance, ICICI Prudential, ICICI Lombard, Tata Elxsi और Anand Rathi Wealth के शेयर पर स्ट्रैटेजी शेयर की है. इनमें से तीन स्टॉक हैं, जहां खरीदारी की राय है, एक स्टॉक पर बिकवाली की राय और एक शेयर पर न्यूट्रल की रेटिंग दी है.
ब्रोकरेज कंपनी मोतीलाल ओसवाल ने इस शेयर पर कवरेज की शुरुआत की है. ब्रोकरेज ने यहां खरीदारी की राय दी है. ब्रोकरेज का कहना है कि ये भारत की टॉप-10 लाइफ इंश्योरेंस कंपनियों में से एक है. कंपनी का पोर्टफोलियो काफी डायवर्सिफाइड है. इसमें ULIP/NonPar/Par/Protection जैसे प्रोडक्ट हैं, जिसका योगदान 1HFY26 में क्रमशः 50%/34%/8%/8% रहा. इस कंपनी का बड़ा हिस्सा बैंकएश्योरेंस कारोबार से आता है.
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ब्रोकरेज का मानना है कि लाइफ इंश्योरेंस इंडस्ट्री मजबूत ग्रोथ के लिए अच्छी स्थिति में है. इसके पीछे 4 बड़ी वजह हैं -

इसी इंडस्ट्री फ्रेमवर्क को देखते हुए ये कंपनी आगे भी मार्केट शेयर बढ़ा सकती है. हमारा अनुमान है कि अगले कुछ साल में प्रोडक्ट मिक्स दोबारा लिंक्ड/नॉन-लिंक्ड के 40:60 अनुपात की ओर बढ़ेगा. जीएसटी छूट से प्रोटेक्शन की मांग को स्वाभाविक सपोर्ट मिलेगा, बढ़ते अटैचमेंट रेट्स के साथ क्रेडिट प्रोटेक्शन में तेजी आएगी और ब्याज दरों में कटौती से नॉन-पार प्रोडक्ट्स की हिस्सेदारी बढ़ेगी.
इस शेयर पर ब्रोकरेज कंपनी ने खरीदारी की राय दी है. ब्रोकरेज का कहना है कि FY26 की तीसरी तिमाही में 25.3 अरब रुपए का APE दर्ज किया है. ये अनुमान जितना है और साल दर साल इसमें 4 फीसदी की बढ़ोतरी दिखाता है. 9MFY26 में APE 1% YoY घटकर 68.1 अरब रुपए का रहा है. मैनेजमेंट ने संकेत दिया कि जीएसटी सुधार सभी स्टेकहोल्डर्स, खासकर डिस्ट्रीब्यूटर्स के लिए वैल्यू-एक्रेटिव साबित होंगे. VNB न्यूट्रैलिटी सुनिश्चित करते हुए डिस्ट्रीब्यूटर इकनॉमिक्स बनाए रखने के लिए पार्टनर-विशेष बातचीत जारी है.

कंपनी के प्रोडक्ट मिक्स में लगातार बदलाव, रिटेल प्रोटेक्शन के बढ़ते योगदान और मजबूत कॉस्ट ऑप्टिमाइजेशन सॉल्यूशन्स के चलते जीएसटी छूट के बाद इनपुट टैक्स क्रेडिट खत्म होने के बावजूद VNB मार्जिन में साल-दर-साल आधार पर लगातार सुधार देखने को मिला है. हमने FY26-28 के लिए APE ग्रोथ के अनुमानों को बरकरार रखा है. हालांकि, 3QFY26 के प्रदर्शन को देखते हुए FY26/FY27/FY28 के लिए VNB मार्जिन के अनुमान को क्रमशः 50bp/50bp/100bp बढ़ाया है.
मोतीलाल ओसवाल ने यहां भी खरीदारी की राय दी है. ब्रोकरेज ने कहा कि कंपनी के मैनेजमेंट ने जीएसटी बदलावों के बाद मोटर और हेल्थ दोनों सेगमेंट में मजबूत अंडरलाइंग डिमांड की बात कही. FY27 में इंडस्ट्री से 100–200 बेसिस प्वाइंट तेज ग्रोथ के साथ 18–20% RoE बनाए रखने के अपने मीडियम-टर्म लक्ष्य को दोहराया.

इसके अलावा, हमने प्रीमियम ग्रोथ के अनुमानों को बरकरार रखा है. प्रतिस्पर्धा के दबाव को देखते हुए मोटर सेगमेंट के लिए क्लेम्स रेश्यो का अनुमान बढ़ाया है, जिससे FY26/27/28 के EPS अनुमान में 4% की कटौती की गई है.
मोतीलाल ओसवाल ने इस शेयर पर बिकवाली की राय दी है. ब्रोकरेज का कहना है कि कंपनी ने 3QFY26 में USD107 मिलियन का रेवेन्यू दर्ज किया, जो कॉन्स्टेंट करेंसी आधार पर तिमाही-दर-तिमाही 3.2 फीसदी बढ़ा है और हमारे 1.8 फीसदी के अनुमान से बेहतर रहा है. EBIT मार्जिन 20.9% रहा, जो QoQ आधार पर 240 बेसिस प्वाइंट बढ़ा और हमारे 18.8% के अनुमान से बेहतर है.

हालांकि तीसरी तिमाही में एक्जीक्यूशन में सुधार दिखा है, लेकिन कंपनी की ग्रोथ अब भी असमान बनी हुई है और बड़े पैमाने पर ट्रांसपोर्टेशन सेगमेंट के रैंप-अप पर निर्भर है. मीडिया और हेल्थकेयर सेगमेंट में ग्राहकों की सतर्क खर्च रणनीति के चलते कमजोरी जारी है.
तिमाही नतीजे पेश करने के बाद मोतीलाल ओसवाल ने इस शेयर पर न्यूट्रल की रेटिंग दी है. दरअसल, कंपनी ने ब्रोकरेज के अनुमान से कमजोर नतीजे पेश किए, जिसके बाद यहां रेटिंग न्यूट्रल की दी है. कंपनी ने तीसरी तिमाही में 2.9 अरब रुपए का ऑपरेटिंग रेवेन्यू दर्ज किया, जो हमारे अनुमान से 5% कम रहा. हालांकि रेवेन्यू में बढ़त देखने को मिली.

फिलहाल कंपनी के पास 393 रिलेशनशिप मैनेजर्स (RMs) हैं और करीब 450 अकाउंट मैनेजर्स को RM रोल में ट्रांजिशन के लिए ट्रेनिंग दी जा रही है. मौजूदा RM स्ट्रेंथ के साथ मैनेजमेंट का मानना है कि अगले 3–4 वर्षों तक बिजनेस को आसानी से सपोर्ट किया जा सकता है.
(डिस्क्लेमर: यहां स्टॉक्स में निवेश की सलाह ब्रोकरेज हाउस/एक्सपर्ट द्वारा दी गई है. ये जी बिजनेस के विचार नहीं हैं. निवेश से पहले अपने एडवाइजर से परामर्श कर लें.)
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