दमानी पोर्टफोलियो के शेयर में बिकवाली शुरू, एक खबर पर गिर गया Stock; क्या है मामला?

D-Mart Share: शेयरों में गिरावट के पीछे ब्रोकरेज की ओर से बिकवाली की राय आना और टारगेट प्राइस घटाया जाना है. ब्रोकरेज का कहना है कि DMart को बढ़ती प्रतिस्पर्धा से चुनौती मिल रही है.
दमानी पोर्टफोलियो के शेयर में बिकवाली शुरू, एक खबर पर गिर गया Stock; क्या है मामला?

D-Mart Share: रिटेल सेक्टर में जानी-मानी कंपनी और दिग्गज निवेशक राधाकिशन दमानी के पोर्टफोलियो का हिस्सा D-Mart के शेयरों में बुधवार को तेज गिरावट देखी गई. Avenue Supermarts Ltd के नाम से लिस्टेड कंपनी का शेयर बाजार खुलने के बाद से ही लगातार गिरावट पर था. स्टॉक कल के क्लोजिंग भाव 3,816 रुपये के भाव के मुकाबले 3699 के इंट्राडे लो पर गया था, जोकि 3% की गिरावट है. सुबह 10:30 बजे के आसपास शेयर 3,725 रुपये के भाव पर ट्रेड कर रहा था.

DMart के शेयरों में क्यों आई गिरावट?

शेयरों में गिरावट के पीछे ब्रोकरेज की ओर से बिकवाली की राय आना और टारगेट प्राइस घटाया जाना है. ब्रोकरेज का कहना है कि DMart को बढ़ती प्रतिस्पर्धा से चुनौती मिल रही है. भारत के रिटेल सेक्टर में क्विक कॉमर्स कंपनियों के बढ़ते दबदबे के बीच DMart पर दबाव बढ़ गया है. विदेशी ब्रोकरेज फर्म Goldman Sachs ने DMart के शेयर का लक्ष्य ₹4050 से घटाकर ₹3425 कर दिया है और निवेशकों को शेयर बेचने की सलाह दी है. इस शेयर में राधाकिशन दमानी की 67.2% हिस्सेदारी है.

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कंपनी को Blinkit, Zepto, और Swiggy Instamart जैसी क्विक कॉमर्स कंपनियों से कड़ी प्रतिस्पर्धा का सामना करना पड़ रहा है. इन कंपनियों ने तेज डिलीवरी और किफायती प्रोडक्ट्स के जरिए ग्राहकों को आकर्षित किया है, जिससे DMart की बिक्री पर असर पड़ रहा है.

डिस्काउंट बढ़ाने की रणनीति

DMart ने प्रतिस्पर्धा का सामना करने के लिए ग्रोसरी पर अपने डिस्काउंट 15% से बढ़ाकर 25% कर दिए हैं. जुलाई 2024 में DMart 15% की छूट दे रहा था, लेकिन क्विक कॉमर्स कंपनियों की आक्रामक रणनीतियों के कारण यह कदम उठाना पड़ा.

प्रॉफिट का अनुमान घटाया

Goldman Sachs ने FY25, FY26, और FY27 के लिए DMart के प्रॉफिट का अनुमान क्रमशः 4.2%, 6.2%, और 6.1% घटा दिया है. इनका मानना है कि DMart को अब ग्रोथ के लिए टॉप 10 शहरों के बाहर विस्तार करना होगा.

Kotak Securities का भी आया व्यू

कोटक सिक्योरिटी के अनुसार, Zepto और अन्य क्विक कॉमर्स कंपनियों की आक्रामक प्राइसिंग ने DMart को बाजार में चुनौती दी है. Zepto के 'सुपर सेवर' प्रोडक्ट्स ने प्राइसिंग गैप को कम कर दिया है, जिससे DMart का लो-प्राइस रिटेलर का फायदा कम हो गया है. DMart के 377 स्टोर्स में से 117 टॉप टियर शहरों में स्थित हैं. इन्हीं शहरों में क्विक कॉमर्स कंपनियां तेजी से विस्तार कर रही हैं, जिससे DMart के लिए प्रतिस्पर्धा और कठिन होती जा रही है. Amazon भी क्विक कॉमर्स में एंट्री लेने की तैयारी कर रहा है. Amazon ने "Tez" नाम से 15 मिनट की डिलीवरी सेवा के लिए बेंगलुरु में पायलट शुरू कर दिया है. यह DMart के लिए एक और बड़ी चुनौती बन सकता है.

कितना तेज हो गया है क्विक-कॉमर्स?

क्विक कॉमर्स कंपनियां तेज डिलीवरी के लिए जानी जाती हैं. यहां कुछ कंपनियों की डिलीवरी टाइमलाइन दी गई है:

Blinkit: 10 मिनट
Zepto: 10-14 मिनट
Instamart: 10-15 मिनट
Myntra: 30 मिनट
Nykaa: 10 मिनट
Bigbasket: 12 मिनट
Flipkart Minutes: 8-16 मिनट
Dunzo Daily: 19 मिनट

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