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शेयर बाजार में आज तेजी के संकेत. (Image: AI-generated)
Stock Markets Highlights: नए वित्त वर्ष का दमदार आगाज हुआ है. पहले कारोबारी सत्र में बाजार में शानदार तेजी रही. निफ्टी 348 अंक मजबूत होकर 22679 पर और सेंसेक्स 1187 अंक मजबूत होकर 73134 पर बंद हुआ. इंट्राडे में कारोबार के दौरान निफ्टी 22941 तक पहुंचा था. दरअसल ईरान बातचीत के लिए तैयार हुआ है जिसने बाजार का सेंटिमेंट मजबूत करने का काम किया है.
आज सेंसेक्स के टॉप-30 में 24 शेयर हरे निशान में और 6 शेयर लाल निशान में बंद हुए हैं. ट्रेंट आज सेंसेक्स का टॉप गेनर रहा और इसमें करीब पौने सात फीसदी की तेजी रही. इसके अलावा इंडिगो, अडानी पोर्ट्स, भारत इलेक्ट्रॉनिक्स जैसे स्टॉक्स में 4-6% तक की तेजी देखने को मिली. वहीं, NTPC सनफार्मा और पावरग्रिड जैसे स्टॉक्स टॉप लूजर्स रहे और इनमें 1.6% तक की गिरावट दर्ज की गई.

ओपनिंग में सेंसेक्स 1700 अंक ऊपर उछला था. निफ्टी भी 550 अंकों की तेजी दिखा रहा था. बैंक निफ्टी 1400 अंक तक उछल गया था. निफ्टी 50 पर Trent 6% की तेजी के साथ टॉप गेनर था. Shriram Finance, BEL जैसे शेयर भी बढ़िया तेजी दिखा रहे थे.
GIFT निफ्टी से लेकर अमेरिका और एशियाई बाजारों तक तेजी का माहौल है. ऐसे में नए वित्त वर्ष के पहले दिन भारतीय बाजार के लिए कई बड़े ट्रिगर्स सामने हैं.ईरान युद्ध जल्द खत्म होने की उम्मीदों से GIFT निफ्टी करीब 500 अंकों की तेज छलांग लगाकर 22,900 के पास पहुंच गया. एशियाई बाजारों में भी शानदार तेजी रही, जहां कोरिया और जापान के बाजार 3 से 5 फीसदी तक उछले.
ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन ने साफ कहा है कि सुरक्षा की गारंटी मिलने पर युद्ध खत्म किया जा सकता है. वहीं डोनाल्ड ट्रंप ने भी संकेत दिए हैं कि अगले 2-3 हफ्तों में अमेरिकी सेना युद्ध से बाहर हो सकती है. इन बयानों से ग्लोबल निवेशकों का भरोसा बढ़ा है.
ईरान ने एप्पल, गूगल और मेटा जैसी 18 अमेरिकी टेक कंपनियों को चेतावनी दी है कि अगर किसी ईरानी नेता को नुकसान हुआ तो इन कंपनियों को निशाना बनाया जाएगा. इससे टेक सेक्टर में सतर्कता बनी रह सकती है.
युद्ध कम होने की उम्मीद से ब्रेंट क्रूड करीब 3% गिरकर 104 डॉलर के पास आ गया है. हालांकि, पिछले एक महीने में कच्चा तेल 60% तक उछल चुका है, जो 1988 के बाद सबसे बड़ी तेजी है.
युद्ध के शांत होने की उम्मीद से अमेरिकी बाजारों में भी दमदार तेजी आई. डाओ जोंस ने दो दिनों में 1175 अंकों की छलांग लगाई, जबकि नैस्डैक में 650 अंकों का उछाल देखने को मिला.
सोना 3100 रुपये चढ़कर 1,50,800 के पास बंद हुआ, जबकि चांदी 11,900 रुपये उछलकर 2,40,900 के करीब पहुंच गई. मेटल्स में मिलाजुला रुख रहा- कॉपर में उछाल आया, लेकिन एल्युमीनियम की तेजी थम गई.
सोमवार की गिरावट में विदेशी निवेशकों ने 12,940 करोड़ रुपये की भारी बिकवाली की, जो लगातार 21वां दिन रहा. वहीं घरेलू संस्थागत निवेशकों ने 14,895 करोड़ रुपये की खरीदारी कर बाजार को सपोर्ट दिया.
RBI ने कैपिटल मार्केट एक्सपोजर नियमों की डेडलाइन 3 महीने बढ़ाकर 1 जुलाई 2026 कर दी है. इससे मार्जिन ट्रेडिंग करने वाले निवेशकों और ब्रोकर्स को राहत मिलेगी.
आज से F&O सेगमेंट में Adani Power, Cochin Shipyard, Hyundai, Vishal Mega Mart, Motilal Oswal, NAM India, Force Motors और Godfrey Philips जैसे 8 नए शेयर शामिल होंगे, जिससे इन स्टॉक्स में वॉल्यूम बढ़ सकता है.
LIVE TV:
कच्चे तेल की तेजी का सबसे बड़ा असर एयरलाइंस पर पड़ा है. ATF (एविएशन टरबाइन फ्यूल) की कीमतें दोगुनी हो गई हैं, जिससे मार्जिन पर दबाव बढ़ेगा.
आज से नए वित्त वर्ष की शुरुआत के साथ कई अहम बदलाव लागू हो रहे हैं. नए इनकम टैक्स नियम और F&O पर STT बढ़ाने का फैसला बाजार पर असर डाल सकता है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात के साणंद में Kaynes Technology के 3300 करोड़ रुपये के सेमीकंडक्टर प्लांट का उद्घाटन किया. इसे ‘मेक इन इंडिया’ और ग्लोबल सप्लाई चेन में भारत की भूमिका मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है.
ग्लोबल संकेत फिलहाल पॉजिटिव हैं, लेकिन पूरी तस्वीर अभी साफ नहीं है. युद्ध से जुड़ी खबरें तेजी या गिरावट दोनों ला सकती हैं. ऐसे में निवेशकों को जल्दबाजी से बचते हुए सेक्टर आधारित रणनीति अपनानी चाहिए. बैंकिंग और कैपिटल मार्केट से जुड़े स्टॉक्स में RBI के फैसले से राहत मिल सकती है, जबकि ऑयल और एविएशन सेक्टर पर नजर रखना जरूरी है.
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