&format=webp&quality=medium)
Market Outlook 2025: घरेलू शेयर बाजारों के लिए फिलहाल गिरावट का दौर चल रहा है. दिसंबर भी खत्म होने की ओर बढ़ रहा है, लेकिन बाजार में गिरावट नहीं थम रही. इस बीच अगले साल 2025 के लिए मार्केट आउटलुक पर बात होने लगी है. बाजार लगातार दो सालों से बुल रन देख रहा है, ऐसे में ये सवाल है कि अब जब हाई वैल्युएशन के चलते भारतीय शेयर बाजारों में इतनी बिकवाली आई है और आगे कोई बड़ा सपोर्ट नहीं मिल रहा है, तो अगले साल बाजार कैसा परफॉर्म करेंगे और क्या बाजार में फिर से अच्छी तेजी दिखेगी.
दिग्गज ब्रोकरेज फर्म Jefferies ने मिडकैप और स्मॉलकैप इंडेक्स पर जिसके चलते बाजार को लेकर आगे का आउटलुक अच्छा बताया है, हालांकि, कुछ ध्यान देने वाली बातें भी कही हैं. ब्रोकरेज ने कहा कि
2023 में मिडकैप और स्मॉलकैप स्टॉक्स ने शानदार प्रदर्शन किया, तेज रैली दिखाई और 2024 में भी लार्जकैप के मुकाबले बेहतर रिटर्न दिया है. आगे के लिए भी यहां ग्रोथ को लेकर उम्मीद है.
जेफरीज का कहना है कि मिडकैप इंडेक्स वर्तमान में अपने 5 साल के औसत वैल्यूएशन से 24% प्रीमियम पर ट्रेड कर रहा है. वहीं, निफ्टी इसके मुकाबले 6% के प्रीमियम पर ट्रेड कर रहा है.
EPS ग्रोथ के ऊंचे अनुमान हैं. मिडकैप स्टॉक्स में उच्च EPS ग्रोथ (अर्निंग्स पर शेयर ग्रोथ) की उम्मीदें इस प्रदर्शन का मुख्य कारण हैं. वित्त वर्ष 2024-2026 के दौरान NSE मिडकैप का EPS 20% CAGR (कंपाउंड एनुअल ग्रोथ रेट) से बढ़ने का अनुमान है. वहीं, निफ्टी का EPS ग्रोथ इस अवधि में 12% CAGR रहने की संभावना है.
2025 में सतर्कता से स्टॉक्स चुनने की सलाह है. जेफरीज ने 2025 के लिए सिलेक्टिव अप्रोच अपनाने और हर कंपनी का अलग से आकलन (बॉटम-अप अप्रोच) करने की सलाह दी है. हाई वैल्यूएशन और बाजार में अनिश्चितताओं को देखते हुए सही स्टॉक्स का चुनाव निवेशकों के लिए महत्वपूर्ण होगा.
जेफरीज ने कुछ मिडकैप स्टॉक्स पर बाय रेटिंग दी है, जो 2024 में अच्छा प्रदर्शन कर सकते हैं. BUY की रेटिंग ऐसे शेयरों पर आई है, जिनमें 2024-2026 के दौरान EPS का CAGR 35% या उससे अधिक रहने की संभावना है:
5 साल के औसत PE (प्राइस-टू-अर्निंग्स) रेशियो की तुलना में कुछ स्टॉक्स अभी भी डिस्काउंट पर उपलब्ध हैं. ये शेयर निवेशकों के लिए अच्छे अवसर हो सकते हैं.
जेफरीज का कहना है कि कुछ कंपनियों में ROE एक्सपेंशन यानी रिटर्न ऑन इक्विटी में बढ़ोतरी की संभावना है, जो उनकी वित्तीय स्थिति को मजबूत कर सकती है.