गेम्सक्राफ्ट (Gameskraft) के पूर्व सीएफओ रमेश प्रभु (Ramesh Prabhu) पर 250 करोड़ रुपये से ज्यादा की गड़बड़ी का गंभीर आरोप लगा है. उन्होंने खुद ईमेल भेजकर कंपनी के फंड्स को निजी ट्रेडिंग (Personal Trading) में लगाने की बात स्वीकार की. कंपनी की जांच में सामने आया कि उन्होंने कई सालों तक धोखाधड़ी से निवेश दिखाकर फंड्स का गलत इस्तेमाल किया.