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आजकल लोग छोटी-छोटी रकम को भी समझदारी से निवेश करना चाहते हैं ताकि उसमें ज्यादा से ज्यादा मुनाफा मिल सके. अगर आप भी उन निवेशकों में से हैं जो एकमुश्त बड़ी रकम को निवेश करने की बजाय, छोटी-छोटी राशि को इन्वेस्ट करके मुनाफा कमाना चाहते हैं तो SIP और RD, ये दोनों स्कीम्स आपके लिए काफी काम की हैं.
दोनों के अपने फायदे और नुकसान हैं. एक बैंक का सुरक्षित तरीका है, वहीं दूसरा मार्केट से जुड़ा हुआ है जहां रिटर्न का भरोसा नहीं, लेकिन मुनाफा ज्यादा हो सकता है. दोनों में आप अपने हिसाब से 1, 2, 3, 5 या 10 साल के लिए निवेश कर सकते हैं. अगर आप 1 साल के लिए हर महीने 5,000 रुपए निवेश करना चाहते हैं, तो SIP या RD दोनों में से कहां आपको ज्यादा फायदा मिलेगा? यहां जानिए
आरडी यानी रिकरिंग डिपॉजिट बैंक या पोस्ट ऑफिस में एक तय ब्याज दर पर हर महीने फिक्स रकम जमा करने का साधन है.
1 साल के लिए RD पर ब्याज दर अलग-अलग बैंकों में अलग-अलग हैं. आमतौर पर ये 6% से 7% के आसपास रहता है.
अगर आप ₹5,000 प्रति माह आरडी में जमा करते हैं तो कुल निवेश: ₹60,000.
7% के ब्याज मान लें तो इस पर 2,312 रुपए ब्याज मिलेगा और 1 साल बाद आपको 62,312 रुपए मिलेंगे.
इसमें निवेश का फायदा ये है कि जो भी इन्वेस्टमेंट है, उस पर गारंटीड रिटर्न मिलेगा, लेकिन कंपाउंडिंग का उतना फायदा नहीं मिलेगा जो एसआईपी में मिल सकता है.
एसआईपी यानी सिस्टमेटिक इन्वेस्टमेंट प्लान, म्यूचुअल फंड में निवेश का तरीका है. ये मार्केट आधारित होता है जहां रिटर्न अनिश्चित होता है.
1 साल का SIP ज्यादा असरदार नहीं, क्योंकि मार्केट समय के अनुसार उतार-चढ़ाव करता है. ये लॉन्ग टर्म में बड़ा फायदा देता है. आमतौर पर एसआईपी का औसत रिटर्न 12% माना जाता है. हालांकि ये मार्केट की स्थिति के हिसाब से घट भी सकता है. यहां 12% रिटर्न के हिसाब से देखें कैलकुलेशन.
₹5,000 मासिक SIP पर 1 साल में निवेश: ₹60,000.
अगर अनुमानित तौर पर 12% भी रिटर्न मिला तो ब्याज से 3,832 रुपए की कमाई होगी. कुल रिटर्न 63,832 रुपए का होगा.
इसमें निवेश का फायदा ये है कि आपको आरडी के मुकाबले ज्यादा रिटर्न का मौका मिलता है. लेकिन एसआईपी के हिसाब से 1 साल का समय काफी कम होता है. इसमें बहुत फायदा नहीं मिल पाता, जोखिम ज्यादा रहता है.
अगर आपका टेन्योर सिर्फ 1 साल है और वो पैसा 100% सुरक्षित चाहिए, तो RD ज्यादा समझदारी भरा विकल्प है. लेकिन अगर आप 3-5 साल के लिए निवेश करना चाहते हैं तो SIP को चुना जा सकता है. इतने समय में एसआईपी में आप कंपाउंडिंग का अच्छा फायदा ले सकते हैं.
हां, मार्केट खराब रहने की स्थिति में आपको नुकसान भी हो सकता है. SIP निवेश लंबी अवधि के लिए ज्यादा उपयुक्त होता है.
हां, RD के ब्याज पर आपका इनकम टैक्स स्लैब के अनुसार टैक्स लगता है.
जी हां, लेकिन इसका पूरा लाभ उठाने के लिए इसे 3-5 साल या उससे ज्यादा समय तक करना बेहतर माना जाता है.
कम अवधि में मार्केट गिरावट के कारण रिटर्न घट या माइनस हो सकते हैं, जबकि लंबी अवधि में रिस्क कम हो जाता है.