Best Scheme for Senior Citizens: रिटायरमेंट के बाद सीनियर सिटीजंस को ज्यादा से ज्यादा फायदा पहुंचाने के लिए सरकार कई तरह की स्कीम्स चलाती है. इन्हीं में से एक स्कीम है सीनियर सिटीजन सेविंग्स स्कीम (Senior Citizens Savings Scheme). 0% रिस्क वाली ये एक डिपॉजिट स्कीम है जिसमें बुजुर्गों को सिर्फ 1 बार रकम डिपॉजिट करनी होती है. इस स्कीम से ब्याज के जरिए बुजुर्ग 12 लाख रुपए से ज्यादा की कमाई कर सकते हैं. समझिए कैसे-
1/6पोस्ट ऑफिस की वरिष्ठ नागरिक बचत योजना एक डिपॉजिट स्कीम है. इसमें 5 साल के लिए एक निश्चित रकम डिपॉजिट की जाती है. वरिष्ठ नागरिक इस स्कीम में अधिकतम 30,00,000 रुपए तक निवेश कर सकते हैं, वहीं न्यूनतम निवेश की सीमा 1000 रुपए है. मौजूदा समय में SCSS पर 8.2% के हिसाब से ब्याज मिल रहा है.
2/6जैसा कि हमने आपको बताया कि इस स्कीम में अधिकतम 30,00,000 रुपए तक जमा कर सकते हैं. अगर आप इतनी रकम को इस स्कीम में निवेश करते हैं तो 5 सालों में 8.2% के हिसाब से आपको 12,30,000 रुपए ब्याज के तौर पर मिलेंगे. हर तिमाही पर ₹61,500 ब्याज के तौर पर क्रेडिट होंगे. इस तरह 5 साल बाद आपको कुल ₹42,30,000 मैच्योरिटी अमाउंट के तौर पर मिलेंगे.
3/6इनकम टैक्स बचाने के लिहाज से भी ये स्कीम काफी अच्छी है. इस स्कीम में आयकर अधिनियम की धारा 80C के तहत टैक्स बेनिफिट मिलता है. 80C के तहत, आप कुल आय से 1.5 लाख रुपए की कटौती का दावा कर सकते हैं.
4/6कोई भी व्यक्ति जिसकी उम्र 60 साल या इससे ज्यादा है, वो निवेश कर सकता है. वहीं वीआरएस लेने वाले सिविल सेक्टर के सरकारी कर्मचारियों और डिफेंस से रिटायर होने वाले लोगों को कुछ शर्तों के साथ उम्र सीमा में छूट दी जाती है. 5 साल बाद स्कीम मैच्योर हो जाती है.
5/6अगर आप इस स्कीम का फायदा 5 साल बाद भी जारी रखना चाहते हैं, तो जमा राशि मैच्योर होने के बाद खाते की अवधि तीन साल के लिए बढ़ा सकते हैं. इसे मैच्योरिटी के 1 साल के भीतर बढ़ाया जा सकता है. एक्सटेंडेट खाते पर मैच्योरिटी की तारीख पर लागू दर पर ब्याज मिलता है.
6/6वरिष्ठ नागरिक बचत योजना (SCSS) में निवेश करने के लिए आप किसी भी अधिकृत बैंक या डाकघर में अकाउंट खुलवा सकते हैं. अकाउंट या तो सिंगल खोला जा सकता है या फिर पत्नी के साथ जॉइंट अकाउंट ओपन कराया जा सकता है.