प्राइवेट सेक्टर में नौकरी करने वाले लोग अपने लिए रिटायरमेंट फंड तो जोड़ लेते हैं लेकिन चिंता रहती है रेगुलर इनकम की, जिससे आपके रोजमर्रा की तमाम जरूरतें पूरी होती हैं. इसका सीधा सा तरीका है कि आप किसी ऐसी स्कीम में निवेश करें, जहां आपका निवेश भी सुरक्षित रहे और आपको रेगुलर इनकम भी मिलती रहे. ऐसी तमाम स्कीम्स LIC के पास हैं. आज हम आपको LIC के उस पेंशन प्लान के बारे में बताने जा रहे हैं जिसमें आपको सिर्फ एक बार प्रीमियम भरना होगा और आप पूरी जिंदगी के लिए आमदनी की जुगाड़ कर सकते हैं. ये पेंशन आप 40 की उम्र से भी ले सकते हैं. जानिए इस प्लान के बारे में.
1/6हम बात कर रहे हैं एलआईसी के सरल पेंशन प्लान (LIC Saral Pension Plan) के बारे में. एलआईसी का सरल पेंशन प्लान एक इमीडिएट एन्युटी प्लान है. आपको इसमें पॉलिसी लेने के साथ ही पेंशन मिलना शुरू हो जाती है. खास बात ये है कि इसमें पेंशन लेने के लिए आपको 60 साल की उम्र का इंतजार नहीं करना होगा. आप 40 की उम्र से ही पेंशन का फायदा ले सकते हैं.
3/6सरल पेंशन प्लान दो तरह से लिया जा सकता है. पहला सिंगल लाइफ और दूसरा जॉइंट लाइफ. सिंगल लाइफ में जब तक पॉलिसी धारक जीवित रहेगा, उसे पेंशन मिलती रहेगी. मृत्यु के बाद नॉमिनी को निवेश की रकम लौटा दी जाएगी. वहीं जॉइंट लाइफ पति-पत्नी दोनों को कवर करता है. इसमें प्राइमरी पॉलिसीधारक के जीवित रहने तक उसको पेंशन दी जाती है. मृत्यु के बाद उसके जीवनसाथी को पेंशन का लाभ मिलता है. दोनों की मृत्यु होने पर जमा राशि नॉमिनी को दे दी जाती है.
4/6सरल पेंशन योजना के तहत आप 1000 रुपए मासिक पेंशन ले सकते हैं और अधिकतम पेंशन की कोई सीमा नहीं है. ये पेंशन आपके निवेश की हुई राशि पर निर्भर करती है. पेंशन के लिए आपको मासिक, तिमाही, छमाही और वार्षिक पेंशन का विकल्प मिलता है. आप जिस विकल्प को चुनेंगे, उस हिसाब से आपको पेंशन दी जाएगी.
5/6इस स्कीम में आप इसमें 40 साल से लेकर 80 साल तक की उम्र में कभी भी निवेश कर सकते हैं और निवेश के साथ ही पेंशन का लाभ लेना शुरू कर सकते हैं. अगर आप सरल पेंशन स्कीम में 40 साल की उम्र में निवेश करते हैं तो उसी उम्र से आपको पेंशन का लाभ मिलना शुरू हो जाती है, जो जीवनभर मिलेगी.
6/6एलआईसी के इस प्लान में आपको लोन की भी सुविधा मिलती है. प्लान को खरीदने के 6 महीने बाद से आपको लोन की सुविधा मिलना शुरू हो जाएगी. किसी एमरजेंसी की स्थिति में अगर आप पॉलिसी को सरेंडर करना चाहते हैं, तो छह महीने बाद आपको ये सुविधा भी मिल जाती है.