घर खरीदने के लिए होम लोन लेना अक्सर लोगों की जरूरत होता है. लेकिन ये भी सच है कि ईएमआई चुकाते-चुकाते लोन की राशि से ज्यादा पैसे देने पड़ जाते हैं. वो इसलिए क्योंकि होम लोन पर करीब 9 फीसदी तक का ब्याज देना होता है. जबकि कुछ लोगों को लगता है कि ईएमआई की राशि में अगर एसआईपी में निवेश किया जाए तो फ्यूचर में ज्यादा बेनेफिट मिल सकता है. तो अब कंफ्यूजन दूर करेंगे और कैलकुलेशन से समझेंगे कि एसआईपी या फिर होम लोन की ईएमआई क्या है बेहतर?
1/11हर किसी का सपना होता है अपना घर खरीदना.अगर आप 77 लाख रुपये तक का घर खरीद रहे हैं तो इसको खरीदने के दो रास्ते हो सकते हैं. पहला रास्ता होम लोन लेकर तुरंत घर खरीदें या फिर इन्वेस्टमेंट करके फंड जमा करें और फिर खरीदें. तो चलिए इन दोनों की तुलना करते हैं.
2/11आप होम लोन लेकर आसानी से अपने सपनों के आशियाना में शिफ्ट हो सकते हैं और अपनी EMI को चुका सकते हैं. जबकि दूसरी तरफ आप ईएमआई जितनी ही रकम की SIP शुरू कर सकते हैं. जब आपका टारगेट पूरा हो जाए, तब घर को खरीद सकते हैं. तो जानेंगे इसका कैलकुलेशन क्या कहता है.
3/11आपके घर की कीमत ₹77,00,000 अगर है.तो इसमें डाउन पेमेंट (20%) ₹15,40,000 हो जाएगा. जबकि लोन अमाउंट (80%)₹61,60,000 का होगा. इस लोन पर ब्याज दर (अनुमानित) 8.75% सालाना होगी. आपकी होम लोन की अवधि 20 साल (240 महीने) होगी जिस पर मासिक EMI ₹55,027 होगी.
4/11अब बात करेंगे 20 साल के लोन पर कितना ब्याज देना होगा. आप ₹61.6 लाख के लोन पर कुल ब्याज ₹70,46,480 को चुकाएंगें.यह मूलधन से भी ज्यादा है.
5/11तो इसमें आपका मूलधन ₹61.6 लाख होगा और ब्याज ₹70.46 लाख मिलाकर होगा. आपको 20 साल में होम लोन के लिए बैंक को कुल ₹1,32,06,480 चुकाने होंगे. इसमें डाउन पेमेंट ₹15.4 लाख अलग होगी.
6/11तो चलिए अब मान लेते हैं कि आप होम लोन की EMI (₹55,027) जितनी ही रकम को हर महीने म्यूचुअल फंड SIP में निवेश करेंगे. इस एसआईपी निवेश पर अनुमानित सालाना रिटर्न 12% तक मिल सकता है.
7/11अब ₹55,027 की मासिक SIP शुरू करेंगे तो 12% सालाना रिटर्न तक मिल सकता है, जिस हिसाब से आप लगभग 6 साल और 7 महीने (79 महीने) में ही करीब ₹77 लाख का लक्ष्य अपना पूरा कर सकते हैं.
8/11अब अगर आप 79 महीनों में निवेश करेंगे तो आपका कुल इन्वेस्टमेंट ₹43,47,133 (55027 , 79) हो जाएगा.इस इन्वेस्टमेंट पर आपको अनुमानित मुनाफा (वेल्थ गेन) करीब ₹33,52,867 (7700000 - 4347133) तक होगा.
9/11अगर आप SIP का ऑप्शन चुनेंगे तो फिर करीब 13 साल पहले ही घर खरीदने लायक फंड को जमा कर सकते हैं. साथ ही करीब ₹70 लाख का ब्याज देने से भी आप खुद को बचा सकते हैं.अब कैलकुलेशन के हिसाब से SIP बेहतर दिख रही है.
10/11वैसे SIP में 12% रिटर्न की कोई भी गारंटी नहीं होती है. एसआईपी में बाजार का जोखिम रहता है. इसके साथ ही 6 से 7 साल में प्रॉपर्टी की कीमत भी बढ़ सकती है (₹77 लाख से ज्यादा हो सकती है).इस टाइम पीरियड में आपको किराए के घर में भी रहना होगा.जबकि होम लोन लेते हैं तो तुरंत अपने घर में रहने शुरू कर देते हैं.
11/11इन दोनों ही ऑप्शन के अपने फायदे और नुकसान होते हैं.आप हमेशा अपनी आय, जोखिम लेने की क्षमता और जरूरतें को देखकर ही सही फैसला लें. एसआईपी इन्वेस्टमेंट या लोन से जुड़ा कोई भी बड़ा फैसले लेने से पहले सर्टिफाइड फाइनेंशियल एडवाइजर से सलाह लेना ना भूलें(नोट: खबर सामान्य जानकारी पर आधारित है)