&format=webp&quality=medium)
सरकार ने कोविड-19 महामारी और महंगाई दर में बढ़ोतरी के बीच यह फैसला किया है. (pixabay)
No change in interest rates on small savings schemes: भारत सरकार की तरफ से चलाई जा रही तमाम छोटी बचत योजनाओं पर चालू वित्त वर्ष (2021-22) की तीसरी तिमाही (Q3) के लिए ब्याज दरों में कोई भी बदलाव नहीं किया गया है. पीटीआई की खबर के मुताबिक, केंद्र सरकार ने गुरुवार को इस बारे में अपने फैसले का ऐलान किया. छोटी बचत योजनाओं में पब्लिक प्रोविडेंट फंड (PPF), नेशनल सेविंग सर्टिफिकेट (NSC), सुकन्या समृद्धि योजना (SSY) आदि शामिल हैं. यानी जो ब्याज दर अभी इनपर मिल रही है, उसी रेट पर आप इन योजनाओं में निवेश कर सकेंगे.
पीपीएफ और एनएससी पर सालाना ब्याज
खबर के मुताबिक, सरकार ने कोविड-19 महामारी और महंगाई दर में बढ़ोतरी के बीच यह फैसला किया है. पीपीएफ और एनएससी पर सालाना ब्याज दर क्रमश: 7.1 प्रतिशत और 6.8 प्रतिशत बनी रहेगी. इसी तरह, वित्त मंत्रालय के नोटिफिकेशन में कहा गया है कि विभिन्न लघु बचत योजनाओं पर ब्याज की दरें 2021-22 की तीसरी तिमाही (1 अक्टूबर, 2021 से 31 दिसंबर 2021) के लिए पहले की तरह ही रहेंगी. यानी दूसरी तिमाही (1 जून, 2021 से 30 सितंबर, 2021) के दौरान जो ब्याज दरें थी, वे बनी रहेंगी.’’
लघु बचत योजनाओं में सबसे ज्यादा योगदान
पश्चिम बंगाल के बाद उत्तर प्रदेश लघु बचत योजनाओं में सबसे ज्यादा योगदान करने वाला राज्य है. बीते 1 अप्रैल को वित्त मंत्रालय (Finance Ministry) ने 1.1 प्रतिशत तक की बड़ी कटौती के फैसले को कैंसिल कर दिया. इसके परिणामस्वरूप 2021-22 की पहली तिमाही में ब्याज दर पिछले वित्त वर्ष 2020-21 की चौथी तिमाही की ब्याज दरों के मुताबिक ही रहीं. लघु बचत योजनाओं पर ब्याज दरों को तिमाही आधार पर नोटिफाई किया जाता है.
जानें किस योजना पर कितनी ब्याज दर
एक साल की मियादी जमा पर ब्याज 5.5 प्रतिशत बना रहेगा जबकि बालिकाओं के लिये शुरू की गई बचत योजना सुकन्या समृद्धि योजना खाते पर ब्याज पहले की तरह 7.6 प्रतिशत मिलेगा. पांच साल की वरिष्ठ नागरिक बचत योजना पर ब्याज दर 7.4 प्रतिशत पर बरकरार रखी गई है. वहीं, वरिष्ठ नागरिक बचत योजना के तहत ब्याज तिमाही आधार पर दिया जाता है. बचत जमा पर ब्याज 4 प्रतिशत मिलता रहेगा. एक साल से पांच साल के लिये मियादी जमाओं पर ब्याज दरें 5.5 से 6.7 प्रतिशत होगी. जबकि पांच साल की रेकरिंग जमा पर ब्याज 5.8 प्रतिशत दिया जाएगा.