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समझें हेल्थ इंश्योरेंस क्यों हो रहा है बूम(फोटो सोर्स-एआई)
इनना तो है कि आज के टाइम में एक मेडिकल इमरजेंसी आपकी सालों की सेविंग्स खत्म कर सकती है. तो फिर ऐसे में हेल्थ इंश्योरेंस अब ऑप्शन नहीं बल्कि जरूरत बन चुका है. इसी वजह से भारत में हेल्थ इंश्योरेंस सेक्टर तेजी से बढ़ता जा रहा है और 2024-25 में इसका प्रीमियम ₹1.2 लाख करोड़ के पार पहुंच गया है. लेकिन सबसे बड़ा सवाल क्या अब क्लेम लेना आसान और तेज हो गया है?
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Insurance Regulatory and Development Authority of India (IRDAI) ने बड़ा कदम उठाया है
अब तय टाइमलाइन:
प्री-ऑथराइजेशन: 1 घंटे में
फाइनल अप्रूवल: 3 घंटे में
मतलब ये है कि इलाज में देरी कम और मरीज को तुरंत मदद मिलेगी

इसके पीछे कई कारण हैं
लोगों की उम्र बढ़ना
ज्यादा कवरेज लेना
बेहतर फीचर्स
साथ ही रिस्क के हिसाब से कीमत तय
समय-समय पर रिव्यू
मतलब: प्रीमियम बढ़ रहा है, लेकिन सुरक्षा भी मजबूत हो रही है
आंकड़े क्या कहते हैं-
2022-23: 85.66%
2023-24: 82.46%
2024-25: 87.50%
यानी कि साफ है ज्यादातर क्लेम सेटल हो रहे है
| वित्तीय वर्ष | क्लेम पेड रेशियो (%) |
|---|---|
| 2022-23 | 85.66% |
| 2023-24 | 82.46% |
| 2024-25 | 87.50% |
प्रीमियम: ₹1.2 लाख करोड़+
ग्रोथ: ~9%
क्लेम टाइम: 1–3 घंटे
सेटलमेंट रेश्यो: 87.5%
शिकायत समाधान: 93%
आम वजहें हैं कि सम इंश्योर्ड से ज्यादा खर्च,को-पेमेंट क्लॉज,सब-लिमिट, रूम रेंट कैपिंग,नॉन-मेडिकल खर्च आदि.मतलब ये है कि पॉलिसी की शर्तें समझना बहुत जरूरी है
हां, IRDAI के कदम से क्लियर नियम बनें, डिजिटल प्रोसेस हुआ और शिकायतों का तेजी से निपटारा हो रहा है.
इसका नतीजा ये है कि ग्राहकों का भरोसा बढ़ रहा है
अगर आपके पास हेल्थ इंश्योरेंस है-
क्लेम जल्दी मिलेगा
इलाज आसान होगा
अगर नहीं है:
अब लेना और भी जरूरी
अगर पॉलिसी है:
उसकी शर्तें समझें
कुल मिलाकर:
हेल्थ इंश्योरेंस अब ज्यादा जरूरी और भरोसेमंद बन गया है
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प्रीमियम बढ़ने के कारण: उम्र बढ़ना, ज्यादा कवरेज और बेहतर फीचर्स
IRDAI के नियमों के अनुसार कीमत जोखिम और डेटा के आधार पर तय होती है
मकसद: ग्राहकों को सही और भरोसेमंद सेवा देना
2024-25 में क्लेम पेड रेशियो 87.50% रहा
पिछले सालों के मुकाबले सेटलमेंट में सुधार हुआ
1.37 लाख से ज्यादा शिकायतें दर्ज हुईं
इनमें से 93% शिकायतें उसी साल निपटाई गईं
IRDAI ने प्रक्रिया को पारदर्शी और आसान बनाने के लिए कई कदम उठाए
FAQs
Q1. हेल्थ इंश्योरेंस सेक्टर कितना बढ़ा?
₹1.2 लाख करोड़ से ज्यादा
Q2. क्लेम कितने समय में मिलेगा?
1 से 3 घंटे में
Q3. क्लेम रिजेक्ट क्यों होता है?
पॉलिसी शर्तों के कारण
Q4. क्या हेल्थ इंश्योरेंस जरूरी है?
हां, मेडिकल खर्च से बचाव के लिए
Q5. क्या सिस्टम अब बेहतर है?
हां, पहले से ज्यादा तेज और पारदर्शी
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