ITR Refund : इनकम टैक्स रिफंड मिलना हर किसी के लिए खुशी की बात है, लेकिन कई बार छोटी गलतियों की वजह से रिफंड उम्मीद से कम आता है. FY 2024-25 में लाखों लोग प्रभावित हुए। जानें ITR फाइलिंग की 3 बड़ी गलतियां और उन्हें सुधारकर पूरा पैसा पाने का तरीका.
1/6इनकम टैक्स रिफंड मिलना खुशी की बात है, लेकिन अगर रिफंड उम्मीद से कम हो आए, तो चिंता होती है. FY 2024-25 (AY 2025-26) के लिए ITR फाइल करने के बाद लाखों टैक्सपेयर रिफंड का इंतजार कर रहे हैं. लेकिन कई बार छोटी-छोटी गलतियां रिफंड कम कर देती हैं.ऐसे में इनकम टैक्स विभाग ने 2025 में अब तक करीब 1.60 लाख करोड़ के रिफंड जारी किए, लेकिन 40% ITR में मिसमैच से देरी या कम रिफंड हुआ.आइए, जानें कि 3 अहम गलतियां क्या हैं, कैसे सुधारें, और रिफंड सही कैसे पाएं.
2/6वैसे तो FY 2024-25 (AY 2025-26) के लिए ITR फाइल करने के बाद रिफंड 4-5 हफ्तों में आना चाहिए, लेकिन कई लोग जुलाई से इंतजार कर रहे हैं.जहां कुछ लोगों के हाथ रिफंड का पैसा आ चुका है तो वहीं,कई लोग ऐसे भी हैं जो अभी भी रिफंड आने का इंतजार तकर रहे हैं. लेकिन देरी के पीछे कई कारण हैं, जैसे गलत जानकारी, वेरिफिकेशन में समस्या या फर्जी क्लेम्स.तो फिर आइए जानें ITR रिफंड किन कारणों से आपका कम आया है.
3/6ITR फाइल करने के बाद 30 दिनों के अंदर e-वेरिफिकेशन करना जरूरी है. यह Aadhaar OTP या EVC से आसानी से हो सकता है.तो अगर आप वेरिफाई नहीं करते, तो ITR प्रोसेसिंग रुक जाती है और रिफंड कम मिल सकता है या देर से आता है.आप सुधार के लिए तुरंत e-filing पोर्टल पर जाकर ‘e-Verify’ ऑप्शन चुनें और प्रक्रिया पूरी करें.
4/6अगर आपके ITR में बताई गई आय या TDS, Form 26AS (टैक्स क्रेडिट स्टेटमेंट) से मेल नहीं खाती, तो आयकर विभाग जांच शुरू कर देता है. कई बार AIS (एनुअल इन्फॉर्मेशन स्टेटमेंट) में बैंक ब्याज, डिविडेंड या अन्य इनकम छूट जाती है, जिससे रिफंड कम हो जाता है. इसे ठीक करने के लिए e-filing पोर्टल पर 26AS और AIS मिलाएं और जरूरत पड़ने पर रेक्टिफिकेशन फाइल करें.
5/6अगर आपका बैंक अकाउंट PAN से लिंक्ड नहीं है, नाम मिसमैच है या KYC अधूरी है, तो ITR रिफंड क्रेडिट नहीं होता. कई बार गलत IFSC कोड डालने से भी पैसा फेल हो जाता है. इसे सुधारने के लिए e-filing पोर्टल पर जाकर ‘Refund Reissue’ रिक्वेस्ट करें और बैंक डिटेल्स अपडेट करें. इससे रिफंड आसानी से आपके अकाउंट में पहुंच जाएगा.
6/6अगर ITR रिफंड कम या देरी से मिल रहा है, तो इसकी तीन बड़ी वजहें हो सकती हैं –e-वेरिफिकेशन न करना, Form 26AS/AIS में मिसमैच और बैंक अकाउंट से जुड़ी गड़बड़ियां.तो इन गलतियों को समय रहते सुधारें, ताकि आपका पूरा रिफंड जल्दी मिल सके.(नोट :खबर केवल सामान्य जानकारी पर आधारित है, अधिक जानकारी के लिए सीए आदि की मदद लें)