Income Tax Rule: 1 अप्रैल 2026 से लागू होने वाला नया Income Tax Act आपकी सैलरी, निवेश और टैक्स प्लानिंग को बदल देगा.असल में शेयर, म्यूचुअल फंड, TDS-TCS और ITR से जुड़े 13 बड़े बदलाव सीधे आपकी कमाई पर असर डालेंगे.
1/161 अप्रैल 2026 से भारत के टैक्स सिस्टम में एक बड़ा चेंज होने जा रहा है.असल में इसी दिन से इनकम टैक्स एक्ट, 2025 लागू होगा.तो इन नए रूल्स का असर आम टैक्सपेयर्स, कंपनियों और निवेशकों सभी पर पड़ने वाला है.जी हां टैक्स के कैलकुलेशन, इनकम की रिपोर्टिंग और TDS/TCS से जुड़े नियमों में कई अहम चेंज किए गए हैं.
2/16शेयर बायबैक और डिविडेंड पर टैक्स से लेकर TCS और कैपिटल गेन के नियमों को आसान बनाने तक, इन चेंज का मकसद टैक्स सिस्टम को ज्यादा आसान और पारदर्शी बनाना है.तो आइए जानते हैं 1 अप्रैल 2026 से लागू होने वाले 13 अहम टैक्स बदलाव कौन से होने वाले हैं.
4/16फ्यूचर्स की बिक्री पर STT को 0.02% से बढ़ाकर 0.05% कर दिया गया है. तो यह रूल भी 1 अप्रैल 2026 के बाद किए गए डेरिवेटिव सौदों पर लागू होगा.
5/16अब SGB की टैक्स छूट सिर्फ उन्हीं बॉन्ड्स पर मिलेगी, जो ओरिजिनल इश्यू में खरीदे गए हों.यानी कि सेकेंडरी मार्केट से खरीदे गए SGB पर रिडेम्पशन के टाइम कैपिटल गेन टैक्स लगेगा.
6/16डिविडेंड और म्यूचुअल फंड से होने वाली आय पर अब ब्याज खर्च की कोई भी कटौती नहीं मिलेगी, चाहे इन्वेस्टमेंट उधार लेकर ही क्यों न किया गया हो.
7/16अब निवेशक एक ही डिक्लेरेशन देकर म्यूचुअल फंड, डिविडेंड और बॉन्ड पर टैक्स कटौती से छूट पा सकेंगे. लेकिन अब से बार-बार अलग-अलग फॉर्म भरने की जरूरत नहीं होने वाली है.
8/161 अप्रैल से NRI से प्रॉपर्टी खरीदने पर अब खरीदार अपने PAN से ही TDS काट सकेंगे, यानी कि आगे से TAN लेने की जरूरत नहीं होने वाली है.
9/16विदेश यात्रा पैकेज पर TCS अब 5%/20% की जगह 2% होगा. यानी कि आगे से LRS के तहत विदेश शिक्षा और मेडिकल खर्च पर TCS 5% से घटाकर 2% होगा.
10/16अब कंपनियों के लिए MAT (Minimum Alternate Tax) 14% पर फाइनल टैक्स होगा.लेकिन आगे MAT क्रेडिट नहीं मिलेगा, हालांकि 31 मार्च 2026 तक का पुराना क्रेडिट यूज किया जा सकेगा.
11/16सेवा से जुड़ी दिव्यांगता के कारण रिटायर हुए जवानों की पूरी डिसेबिलिटी पेंशन अब पूरी तरह टैक्स फ्री होने वाली है, ये चेंज भी 1 अप्रैल से होगा.
12/16इसके साथ ही RFCTLARR Act के तहत जबरन जमीन अधिग्रहण से मिली रकम (सेक्शन 46 को छोड़कर) अब टैक्स फ्री हो सकता है.
13/16नॉन-ऑडिट बिजनेस और ट्रस्ट के लिए ITR की आखिरी तारीख अब 31 जुलाई से बढ़ाकर 31 अगस्त कर दी गई है. सैलरीड लोगों के लिए डेडलाइन 31 जुलाई ही रहेगी.
14/16मोटर एक्सीडेंट क्लेम ट्रिब्यूनल से मिलने वाले मुआवजे पर ब्याज अब पूरी तरह टैक्स फ्री होगा और इस पर TDS भी नहीं कटेगा.
15/16अब PF और ESI में नियोक्ता का योगदान अगर ITR फाइल करने की आखिरी तारीख तक जमा कर दिया गया है, तो उस पर डिडक्शन मिल सकेगा
16/161 अप्रैल 2026 से लागू होने वाले ये बदलाव टैक्स सिस्टम को ज्यादा सरल और टैक्सपेयर्स के लिए सुविधाजनक बनाने की दिशा में बड़ा कदम माने जा रहे हैं.तो अगर आप सैलरीड हैं, निवेशक हैं या बिजनेस करते हैं, तो इन रूल्स को समझना आपके लिए बहुत जरूरी है.(नोट: खबर सामान्य जानकारी पर आधारित है, अधिक जानकारी के लिए इनकम टैक्स की साइट पर बिजिट करें)