Income Tax विभाग का बड़ा एक्शन, कई CA के ठिकानों पर छापे, AI की ली मदद, जानिए ये लोग कर रहे थे क्या फर्जीवाड़ा

इस बड़े पैमाने की जांच में AI टूल्स और थर्ड पार्टी डेटा का इस्तेमाल किया गया है, जिससे ऐसे पैटर्न पकड़े गए जो अब तक सिस्टम की पकड़ से बाहर थे. यह कार्रवाई अब तक के सबसे बड़े टैक्स क्लेम फ्रॉड्स में से एक मानी जा रही है.
Income Tax विभाग का बड़ा एक्शन, कई CA के ठिकानों पर छापे, AI की ली मदद, जानिए ये लोग कर रहे थे क्या फर्जीवाड़ा

इनकम टैक्स रिटर्न (ITR) में गलत डिडक्शन और छूट के झूठे दावे करने वालों के खिलाफ अब इनकम टैक्स विभाग ने सख्त रुख अपनाया है. आयकर विभाग ने पूरे देश में ऐसे चार्टर्ड अकाउंटेंट और अकाउंटेंट्स की पहचान की है, जो लोगों की ओर से फर्जी तरीके से रिटर्न भरकर टैक्स रिफंड लेते थे.

इस बड़े पैमाने की जांच में AI टूल्स और थर्ड पार्टी डेटा का इस्तेमाल किया गया है, जिससे ऐसे पैटर्न पकड़े गए जो अब तक सिस्टम की पकड़ से बाहर थे. यह कार्रवाई अब तक के सबसे बड़े टैक्स क्लेम फ्रॉड्स में से एक मानी जा रही है.

Add Zee Business as a Preferred Source

छोटे रिफंड से बच निकलते थे जालसाज

CBDT ने पाया कि इन फर्जी क्लेम्स का दायरा भले ही हर केस में छोटा हो, लेकिन पूरे देश में बड़े पैमाने पर फैला हुआ था. कई मामलों में चार्टर्ड अकाउंटेंट्स और अकाउंटेंट्स ने धारा 10(13A), 80D, 80E, 80G, 80DDB जैसी छूट का गलत इस्तेमाल कर फर्जी रिफंड दिलवाए.

AI की मदद से हुई पहचान

जिन लोगों ने बार-बार फर्जी क्लेम किया, उन्हें अब सिस्टम ने पकड़ लिया है. कई सीए और टैक्स प्रोफेशनल्स को चिन्हित किया गया है, जो इनकम टैक्स सिस्टम का गलत फायदा उठा रहे थे. इस पूरे अभियान में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की मदद ली गई है, जिससे गलत डिक्लेरेशन और संदिग्ध पैटर्न सामने आए हैं.

100 से ज्यादा लोगों को दी गई सुधार की छूट

अब तक पकड़े गए 100 से ज्यादा टैक्सपेयर्स को अपना ITR अपडेट करने का मौका दिया गया है. लेकिन CBDT का साफ कहना है कि अब इस तरह के गलत इस्तेमाल पर पूरी तरह रोक लगाई जाएगी.

CBDT ने दिया साफ संदेश

सेंट्रल बोर्ड ऑफ डायरेक्ट टैक्सेस (CBDT) का कहना है कि लोग फर्जी क्लेम करके पुराने टैक्स सिस्टम का फायदा उठा रहे थे, जबकि सरकार चाहती है कि लोग नई टैक्स रेजीम का सही तरीके से लाभ लें. अब फोकस है पारदर्शिता और ईमानदारी से टैक्स भरने पर. CBDT इस दिशा में आगे भी सख्ती जारी रखने की तैयारी में है.

  1. 1
  2. 2
  3. 3
  4. 4
  5. 5
  6. 6