&format=webp&quality=medium)
GST Reforms: GST को लेकर एक बड़ी खबर सामने आई है, जिससे आपकी पसंदीदा छोटी कारें और ऑटो पार्ट्स अब सस्ते हो जाएंगे! एक नई रिपोर्ट के मुताबिक, सरकार ने ऑटोमोबाइल और ऑटोमोबाइल पार्ट्स पर लगने वाले GST में कुछ बड़े बदलाव किए हैं. इन बदलावों का सीधा फायदा उन लोगों को मिलेगा जो एंट्री-लेवल यानी सस्ती गाड़ियां खरीदना चाहते हैं, क्योंकि इस सेगमेंट में बिक्री थोड़ी धीमी चल रही थी. साथ ही, इससे टैक्स से जुड़े काम भी आसान हो जाएंगे.
ग्रांट थॉर्नटन भारत की रिपोर्ट बताती है कि अब ऑटो पार्ट्स पर एक जैसा 18 प्रतिशत GST लगेगा. पहले इसमें काफी उलझनें थीं. एक समान टैक्स रेट से ग्राहकों और दुकानदारों, दोनों को फायदा होगा. ग्राहकों के लिए गाड़ी की मेंटेनेंस (रखरखाव) का खर्च कम होगा, क्योंकि पार्ट्स सस्ते मिलेंगे. वहीं, दुकानदारों के लिए टैक्स से जुड़े नियम समझना और उनका पालन करना आसान हो जाएगा.
सरकार ने ये नए GST नियम 22 सितंबर, 2025 से लागू करने का फैसला किया है. इसका मतलब है कि आपको इस तारीख के बाद से ये फायदे मिलने शुरू हो जाएंगे.
ये बदलाव खास तौर पर छोटी और एंट्री-लेवल गाड़ियों के लिए किए गए हैं. पहले इन पर 28 प्रतिशत GST लगता था, लेकिन अब सिर्फ 18 प्रतिशत लगेगा.
तिपहिया वाहन और मालवाहक वाहन: थ्री-व्हीलर और सामान ढोने वाली गाड़ियां.
इन सभी पर अब सिर्फ 18 प्रतिशत GST लगेगा, जबकि पहले उपकर (Cess) मिलाकर कुल टैक्स लगभग 29-31 प्रतिशत होता था. ये एक बड़ी राहत है!
सिर्फ छोटी कारें ही नहीं, कुछ और ज़रूरी वाहनों पर भी ये घटी हुई दरें लागू होंगी:
बड़ी कारों और महंगी (लग्ज़री) गाड़ियों पर भले ही GST दर को 28 प्रतिशत से बढ़ाकर 40 प्रतिशत कर दिया गया है, लेकिन उन पर लगने वाला उपकर (Cess) पूरी तरह से हटा दिया गया है. इससे इन गाड़ियों पर भी कुल टैक्स का बोझ कम ही होगा. ये एक स्मार्ट मूव है ताकि सरकार का रेवेन्यू भी बना रहे और महंगी गाड़ियों के ग्राहक भी बहुत ज़्यादा प्रभावित न हों.
गाड़ियों के स्पेयर पार्ट्स, चेसिस, एक्सेसरीज और टायरों पर भी अब 28 प्रतिशत की जगह 18 प्रतिशत GST लगेगा. ये बहुत बड़ा बदलाव है, क्योंकि गाड़ी की मेंटेनेंस में पार्ट्स का बहुत अहम रोल होता है. इससे आपकी गाड़ी का रखरखाव सस्ता हो जाएगा.
ये नई व्यवस्था कई लोगों के लिए फायदेमंद साबित होगी:
ग्रांट थॉर्नटन की रिपोर्ट कहती है कि ये सुधार एक ऐसी GST प्रणाली बनाएंगे जो ज़्यादा कुशल, किफायती और व्यापार के लिए अनुकूल होगी. इससे देश की आर्थिक तरक्की को बढ़ावा मिलेगा और व्यापार करना और भी आसान हो जाएगा. ये एक ऐसा कदम है जिससे ऑटो सेक्टर में नई जान आएगी और ग्राहक भी खुश होंगे.
A1: ये नए GST नियम 22 सितंबर, 2025 से लागू होंगे.
A2: हां, ऑटो पार्ट्स, टायरों और एक्सेसरीज़ पर GST 28% से घटकर 18% हो जाएगा, जिससे पुरानी गाड़ियों का रखरखाव भी सस्ता होगा.
A3: लग्ज़री कारों पर भले ही GST दर बढ़ी है, लेकिन उन पर से उपकर (Cess) पूरी तरह हटा दिया गया है, जिससे कुल टैक्स का बोझ कम होगा और वे सस्ती ही होंगी.
A4: एंट्री-लेवल कार खरीदने वाले ग्राहक, बेड़े संचालक, लॉजिस्टिक्स कंपनियां और किसान सबसे ज़्यादा फायदे में रहेंगे.
A5: इस रिपोर्ट में सीधे तौर पर इलेक्ट्रिक वाहनों का उल्लेख नहीं है, लेकिन हाइड्रोजन वाहनों पर GST घटने से ग्रीन मोबिलिटी को बढ़ावा मिलेगा. उम्मीद है कि भविष्य में इलेक्ट्रिक वाहनों को भी ऐसे फायदे मिल सकते हैं.
(ताजा खबरों के लिए आप हमारे WhatsApp Channel को सब्सक्राइब जरूर करें)