First Job के दौरान ये 5 बड़ी गलतियां तोड़ सकती हैं दौलतमंद बनने का सपना! अक्‍सर लोग ध्‍यान नहीं देते, बाद में पछताते हैं…

पहली नौकरी मिली है? बधाई हो! लेकिन इन 5 आम फाइनेंशियल गलतियों से बचकर रहिएगा क्‍योंकि ये आपके लिए फाइनेंशियल प्रॉब्‍लम्‍स की वजह बन सकती हैं और आपका अमीर बनने का सपना तोड़ सकती हैं. जानें सही फाइनेंशियल प्लानिंग और निवेश के टिप्स.
First Job के दौरान ये 5 बड़ी गलतियां तोड़ सकती हैं दौलतमंद बनने का सपना! अक्‍सर लोग ध्‍यान नहीं देते, बाद में पछताते हैं…

दिन-रात मेहनत से पढ़ाई करने के बाद हर व्‍यक्ति एक अच्‍छी नौकरी पाने के बारे में सोचता है. जब पहली नौकरी (First Job) मिलती है, तो खुशी का ठिकाना नहीं रहता. हाथ में अपनी मेहनत की कमाई आती है और एक नई फाइनेंशियल आजादी का एहसास होता है. लेकिन यही वो दौर है, जहां जोश-जोश में कुछ गलतियां भी हो जाती हैं और अगर इन गलतियों को समय रहते संभाला न जाए तो ये पूरी लाइफ पर असर डालती हैं. इनके कारण आपके फाइनेंशियल फ्यूचर पर असर पड़ सकता है और आपका दौलतमंद बनने का सपना टूट सकता है.

गलती 1: लाइफस्टाइल इन्फ्लेशन का जाल (Lifestyle Inflation)

ये सबसे आम गलती है. सैलरी हाथ में आते ही खर्चों की लिस्ट लंबी हो जाती है. अचानक से महंगे फोन, ब्रांडेड कपड़े, वीकेंड पार्टीज और रोज़ बाहर खाना-पीना शुरू हो जाता है. इसे 'लाइफस्टाइल इन्फ्लेशन' कहते हैं, यानी आमदनी बढ़ते ही खर्चों को भी बढ़ा लेना. ज्‍यादातर लोग सोचते हैं कि "अब तो मैं कमा रहा हूं, मैं खर्च कर सकता हूं." वे तुरंत बाइक या कार EMI पर ले लेते हैं, ये सोचे बिना कि यह उनकी फाइनेंशियल प्लानिंग को कैसे प्रभावित करेगा. लेकिन ये गलती आपको कभी भी बचत करने नहीं देती. आप हमेशा "सैलरी-टू-सैलरी" जीते हैं और महीने के अंत में आपकी जेब खाली हो जाती है.

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गलती 2: क्रेडिट कार्ड को समझना 'जादू की छड़ी'

बैंक आपको आसानी से क्रेडिट कार्ड (Credit Card) ऑफर कर देते हैं. युवाओं को यह एक जादू की छड़ी लगता है, जिससे वे कुछ भी खरीद सकते हैं, भले ही अकाउंट में पैसे न हों. वे ये भूल जाते हैं कि क्रेडिट कार्ड एक तरह का कर्ज है, जिसे समय पर नहीं चुकाया तो 30-40% तक का भारी-भरकम ब्याज देना पड़ता है. ये कर्ज का एक ऐसा जाल है, जिससे निकलना बहुत मुश्किल हो जाता है. इस गलती को समय रहते सुधार लेना चाहिए वरना क्रेडिट कार्ड का बिल आपको कर्ज के चक्र में फंसा सकता है और आपका सिबिल स्कोर (CIBIL Score) खराब कर सकता है, जिससे भविष्य में लोन लेना मुश्किल हो जाता है.

गलती 3: निवेश को टालना - "अभी तो उम्र ही क्या है!"

"अभी तो करियर शुरू हुआ है, थोड़ा एन्जॉय कर लूं, निवेश (Investment) तो बाद में भी कर लूंगा." ये सोच लगभग हर युवा की होती है. वे अपनी सैलरी खर्च करने पर ध्यान देते हैं, लेकिन उसे बढ़ाने के बारे में नहीं सोचते. जबकि फाइनेंशियल प्लानिंग (Financial Planning) का सबसे बड़ा नियम है - जितनी जल्दी निवेश शुरू करोगे, उतना बड़ा फायदा मिलेगा. कंपाउंडिंग की ताकत आपके छोटे निवेश को भी समय के साथ एक बड़ी दौलत में बदल सकती है. निवेश में देरी करके आप कंपाउंडिंग के जादू से मिलने वाले लाखों रुपए के फायदे से चूक जाते हैं.

गलती 4: इंश्योरेंस को समझना 'फालतू खर्चा'

तमाम युवा हेल्थ इंश्योरेंस या टर्म इंश्योरेंस को फालतू का खर्चा मानकर नजरअंदाज कर देते हैं. वो ये नहीं समझते कि एक छोटी सी मेडिकल इमरजेंसी भी उनकी महीनों की बचत को खत्म कर सकती है और उन्हें कर्ज में डुबो सकती है. कम उम्र में इंश्योरेंस लेने का प्रीमियम भी बहुत कम होता है. एक अप्रत्याशित दुर्घटना या बीमारी आपको और आपके परिवार को आर्थिक रूप से तोड़ सकती है. इंश्योरेंस एक सुरक्षा कवच है, खर्चा नहीं.

गलती 5: कोई फाइनेंशियल लक्ष्य न बनाना

बिना लक्ष्य के आप कहीं नहीं पहुंचते. यही बात पैसों पर भी लागू होती है. ज्यादातर युवा ये तय ही नहीं करते कि उन्हें 5 साल में कहां पहुंचना है, क्या उन्हें घर खरीदना है, गाड़ी लेनी है या विदेश घूमना है. बिना लक्ष्य के बचत और निवेश दिशाहीन हो जाते हैं. बिना लक्ष्य के आप मोटिवेटेड नहीं रहते और अपनी बचत को फिजूलखर्ची में उड़ा देते हैं.

तो क्या करें?

आप अपने शौक बेशक पूरे करें, लेकिन अपनी आमदनी को पहले ठीक से मैनेज करना सीखें. जरूरी खर्च, शौक और बचत का तालमेल बनाएं. इसके लिए आसान तरीका है 50/30/20 का नियम. इसे अपनाकर आप अपनी जरूरत भी पूरी कर सकते हैं, शौक भी और जरूरत भर का निवेश भी कर लेंगे. इस नियम के तहत आपको अपनी सैलरी का 50% जरूरतों के लिए, 30% इच्छाओं या शौक के लिए, और 20% बचत के लिए निकालना चाहिए. नीचे दी गई टेबल से समझिए ये नियम-

कैटेगरीप्रतिशतइसमें क्या शामिल है
जरूरतें (Needs)50%घर का किराया, राशन, बिजली-पानी का बिल, ट्रांसपोर्ट का खर्च, EMI
चाहतें (Wants)30%घूमना-फिरना, शॉपिंग, मनोरंजन, बाहर खाना, गैजेट्स
बचत/निवेश (Savings)20%SIP, म्यूचुअल फंड, इमरजेंसी फंड, इंश्योरेंस प्रीमियम, PPF

FAQs

1. पहली सैलरी से कितना प्रतिशत निवेश करना चाहिए?

फाइनेंशियल एक्सपर्ट्स 50/30/20 नियम के अनुसार अपनी सैलरी का कम से कम 20% हिस्सा निवेश करने की सलाह देते हैं. आप इसे अपनी क्षमता के अनुसार बढ़ा भी सकते हैं.

2. क्या युवाओं के लिए क्रेडिट कार्ड लेना गलत है?

नहीं, क्रेडिट कार्ड लेना गलत नहीं है, बशर्ते आप इसका इस्तेमाल अनुशासन के साथ करें. पूरी लिमिट कभी खर्च न करें और हमेशा समय पर पूरा बिल चुकाएं. यह आपका सिबिल स्कोर बनाने में मदद करता है.

3. युवाओं के लिए सबसे जरूरी इंश्योरेंस कौन सा है?

हर युवा के पास एक अच्छा हेल्थ इंश्योरेंस (Health Insurance) जरूर होना चाहिए ताकि किसी भी मेडिकल इमरजेंसी में उनकी बचत खत्म न हो. अगर आप पर कोई निर्भर है तो टर्म इंश्योरेंस (Term Insurance) भी जरूरी है.

4. निवेश की शुरुआत कहां से करें?

आप SIP (Systematic Investment Plan) के जरिए म्यूचुअल फंड में निवेश करके शुरुआत कर सकते हैं. ये कम पैसे में निवेश शुरू करने का सबसे अच्छा और आसान तरीका है.