&format=webp&quality=medium)
भारतीय रेलवे में नौकरी के नाम पर हो रही ठगी (फाइल फोटो)
दिल्ली के साहिबाबाद इलाके में रहने वाली एक युवती ने उनके साथी टीचर पर रेलवे में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी करने का आरोप लगाया है. महिला का आरोप है कि साथी टीचर ने अपने एक जानकारी से मिलवाया और 15 लाख रुपये में रेलवे में नौकरी लगवाने का मामला तय हो गया. युवकी को रेलवे का नियुक्त पत्र और आईडी कार्ड भी दे दिया गया. कुछ दिनों तक जब उनकी ज्वाइनिंग के संबंध में कोई जानकारी नहीं दी गई तो युवती को संदेह हुआ. युवती ने इस बारे में पुलिस को शिकायत दी. लेकिन उनका मामला दर्ज नहीं किया गया. ऐसे में महिला ने न्यायालय की शरण ली. आखिरकार न्यायालय ने मामला दर्ज करने का आदेश दिया जिसके बाद मामला दर्ज हो सका.
ठगों का है बहुत बड़ा जाल
यह इकलौता मामला नहीं है पहले भी कई ऐसे मामले आए हैं जिनमें लोगों को रेलवे में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी की गई है. पहले भी कई मामले सामने आए हैं जिनमें लोगों को न्यूक्ति पत्र भेज कर नौकरी लगने की बात कही जाती है. कुछ लोगों से पहले पैसे ले लिए जाते हैं जबकि कुछ लोगों को कुछ शुल्क जमा करने के नाम पर पैसे ठग लिए जाते हैं. कुछ ऐसे भी मामले सामने आए हैं जिनमें लोगों को न्युक्ति पत्र भेज कर दिल्ली बुलाया जाता है यहां उनका मेडिकल हो जाता है दो दिन दिन रेल मंत्रालय के अंदर तक घुमा दिया जाता है. ठगे जाने वाले व्यक्ति को ऐहसास भी नहीं हो पाता है कि उसके साथ ठगी हुई है.
निर्धारित प्रक्रिया से होता है चयन
नौकरी के नाम पर ठगी का शिकार होने से बचा जा सकता है. इसके लिए कुछ सावधानी बरतने की जरूरत है. दरअसल यह आपको समझना होगा कि रेलवे या किसी भी सरकारी संस्थान में नौकरी के लिए एक निर्धारित चयन प्रक्रिया होती है. बिना उस प्रक्रिया के आपको यदि कोई नौकरी दिलाने की बात कर रहा है तो आपको सतर्क हो जाने की जरूरत है वो आपके साथ ठगी की कोशिश कर रहा है.
ठगी से बचने के लिए इन बातों का रखें ध्यान
यदि आपने रेलवे की भर्ती परीक्षा में भाग नहीं लिया है और निर्धारित प्रक्रिया का पालन नहीं किया है तो आपको नियुक्त पत्र नहीं भेजा जाएगा. यदि आपके पास कोई नियुक्ति पत्र आया है तो आप ये समझ जाइये की किसी ठग ने नियुक्ति पत्र भेजा है.
भर्ती के लिए लिखित परीक्षा में पास होने पर आपके रेलवे की ओर से निकाले गए परिणाम में आपका रोल नम्बर हो होगा. यदि आपका रोल नम्बर नहीं है तो आप सफल नहीं हैं और कोई आपको फिर भी नौकरी दिलाने की बात कर रहा है तो वह ठग हो सकता है.
परीक्षा में पास होने पर रेलवे चयनित व्यक्ति को मेडिकल के लिए रेलवे के निर्धारित अस्पताल में बुलाता है. ऐसे में आपके पास नियुक्ति पत्र आता है और मेडिकल के लिए बुलाया जाता है तो आप यह पता कर सकते हैं कि रेलवे के जिस जोन में आपका चयन हुआ है वहां चयनित कर्मियों का मेडिकल रेलवे के किस अस्पताल में किया जाता है. रेलवे के निर्धारित अस्पतालों में ही मेडिकल कराया जाता है.
मेडिकल के बाद आपको प्रक्रिया पूरी होने के कुछ दिनों के अंदर ही आपको कहां काम करना है वहां का नियुक्त पत्र दे दिया जाता है. रेलवे पूरी प्रक्रिया में किसी भी व्यक्ति से किसी तरह का कोई पैसा नहीं लेती है. ऐसे में यदि आपसे कोई भर्ती के लिए मोटी रकम की मांग करता है तो वह आपके साथ ठगी कर सकता है.
रेलवे के सभी जोन व मंडल में पर्सनल विभाग होता है वहां जा कर आपकी नियुक्त के बारे में पूरी जानकारी कभी भी प्राप्त कर सकते हैं.