&format=webp&quality=medium)
केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने नई दिल्ली में Trade Intelligence & Analytics (TIA) Portal लॉन्च कर दिया. यह पोर्टल भारत के व्यापार इकोसिस्टम में एक बड़ा बदलाव लाने वाला है क्योंकि पहली बार देश में व्यापार से जुड़े सभी महत्वपूर्ण डेटा, विश्लेषण और अंतरराष्ट्रीय रुझान एक ही डिजिटल प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध कराए जा रहे हैं.
मंत्री ने कहा कि अब समय आ गया है कि व्यापार डेटा को लेकर पारदर्शिता बढ़ाई जाए ताकि सभी हितधारक बेहतर निर्णय ले सकें. उनका कहना था कि अब तक बड़े उद्योगों के पास जो डेटा उपलब्ध रहता था, वही सुविधा अब छोटे व्यापारियों, स्टार्टअप्स, MSMEs और दूरदराज के व्यवसायों तक भी पहुंचेगी.
पीयूष गोयल ने साफ कहा कि TIA Portal से भारत का सबसे ज्यादा फायदा छोटे व्यापारियों को होगा. उन्होंने बताया कि अब देश के किसी भी कोने में बैठे व्यापारी को वही जानकारी और वैश्विक डेटा मिलेगा जो बड़ी कंपनियां इस्तेमाल करती हैं. इससे न केवल पारदर्शिता बढ़ेगी, बल्कि छोटे व्यापारियों के लिए निर्यात बढ़ाने, नए बाजार समझने और सही उत्पाद चुनने के विकल्प भी तैयार होंगे.
मंत्री ने बताया कि दुनिया के सेवा क्षेत्र में अपार अवसर हैं. लेकिन सही डेटा और विश्लेषण की कमी के कारण कई छोटे क्षेत्रों तक ये जानकारी पहुंच ही नहीं पाती थी. TIA Portal इस कमी को दूर करेगा और सेवाओं के निर्यात में भी बढ़ोतरी की उम्मीद है. उन्होंने कहा कि वैश्विक व्यापार की मौजूदा परिस्थितियां भारत के लिए ‘wake-up call’ हैं और अब सरकारी और निजी क्षेत्र को मिलकर काम करना होगा ताकि भारत किसी अवसर को गंवा न दे.
गोयल ने यह भी स्पष्ट किया कि भारत ने कई देशों के साथ Free Trade Agreements (FTA) किए हैं लेकिन अनेक एक्सपोर्टर्स डेटा की कमी के कारण इन समझौतों का पूरा फायदा नहीं उठा पाते. अब यह पोर्टल उन्हें बताएगा कि किस देश में कौन सा उत्पाद कितनी मांग में है, वहां की टैरिफ स्थिति क्या है और किस तरह का निर्यात अवसर उपलब्ध है. इससे भारत का निर्यात कई गुना बढ़ने का अनुमान है.
Department of Commerce ने मार्च 2024 में इस पोर्टल को विकसित करना शुरू किया था. इसका उद्देश्य था कि भारत के व्यापार विश्लेषण को आधुनिक बनाया जाए ताकि नीतियां और फैसले आंकड़ों के आधार पर लिए जाएं. यह पोर्टल सभी Commodity Divisions, EPCs और विदेशों में मौजूद भारतीय मिशनों को एकीकृत डेटा उपलब्ध कराएगा ताकि हर स्तर पर सूचनाओं का प्रभावी उपयोग हो सके.
यह पोर्टल एक वन-स्टॉप डिजिटल प्लेटफॉर्म है जिसमें भारत, वैश्विक और द्विपक्षीय व्यापार से जुड़ा पूरा डेटा समाहित है. UN Comtrade सहित अनेक वैश्विक डेटाबेस को एक ही सिस्टम में जोड़ा गया है.
इसमें शामिल हैं:
⦁ 270 से अधिक इंटरैक्टिव विज़ुअलाइज़ेशन
⦁ 28 से अधिक विश्लेषणात्मक तर्क
⦁ देश और कमोडिटी इंटेलिजेंस उपकरण
⦁ बाज़ार विविधीकरण अंतर्दृष्टि
⦁ प्रोडक्शन लिंक्ड इंसेंटिव (पीएलआई) कमोडिटीज परफॉर्मेंस ट्रैकिंग
⦁ निर्यात-आयात वृद्धि निगरानी उपकरण
⦁ क्रिटिकल मिनरल्स डैशबोर्ड
⦁ व्यापार संपूरकता सूचकांक
⦁ तुलनात्मक लाभ सूचकांक का खुलासा
⦁ व्यापार तीव्रता सूचकांक
Department of Commerce ने इस पोर्टल में अधिकांश कार्यों को ऑटोमेट किया है. Monthly Trade Report जैसे 300 पन्नों वाले दस्तावेज अब ऑटोमेशन के साथ तैयार होंगे. इसके अलावा डेटा एक्सट्रैक्शन आसान होगा. API आधारित सिस्टम से डेटा तुरंत अपडेट होगा और Manual Work कम होगा. Decision Making और भी तेज और सटीक होगी. यह एक ओपन-सोर्स, किफायती और स्केलेबल समाधान है जिसे लंबे समय तक बिना किसी भारी खर्च के चलाया जा सकेगा.
भारत तेजी से वैश्विक व्यापार में अपनी हिस्सेदारी बढ़ा रहा है. लेकिन मंत्री ने चेतावनी भी दी कि यदि हमारा निर्यात विदेशी मुद्रा भंडार को पर्याप्त मजबूती नहीं देगा तो मुद्रा की स्थिरता कठिन हो जाएगी. इस पोर्टल का उद्देश्य भारत को ज्यादा मजबूत, डेटा-साक्षर और वैश्विक चुनौतियों का सामना करने के लिए तैयार बनाना है.
सरकार चाहती है कि हितधारक और अधिक मांगें रखें ताकि मंत्रालय तेजी से सुधार कर सके और भारत हर अवसर का लाभ उठा सके.
FAQs
Q1. TIA Portal क्या है?
TIA Portal एक डिजिटल प्लेटफॉर्म है जो भारत और वैश्विक व्यापार से जुड़े सभी महत्वपूर्ण डेटा और विश्लेषण एक जगह उपलब्ध कराता है.
Q2. इस पोर्टल का सबसे ज्यादा फायदा किसे होगा?
MSMEs, स्टार्टअप्स, छोटे व्यापारियों और दूरदराज के व्यवसायों को क्योंकि उन्हें बड़े उद्योगों जैसी डेटा एक्सेस सुविधा मिलेगी.
Q3. क्या यह पोर्टल FTA समझने में मदद करेगा?
हाँ, पोर्टल बताएगा कि किस देश में कौन सा उत्पाद मांग में है और FTA का कैसे उपयोग किया जा सकता है.
Q4. इसमें कितने डैशबोर्ड हैं?
इसमें 28 से अधिक डैशबोर्ड और 270 से ज्यादा इंटरएक्टिव विजुअलाइजेशन मौजूद हैं.
Q5. क्या यह पोर्टल पेड है?
नहीं, यह एक किफायती ओपन-सोर्स समाधान है जिसमें कोई लाइसेंस फीस नहीं है.
(ताजा खबरों के लिए आप हमारे WhatsApp Channel को सब्सक्राइब जरूर करें)