&format=webp&quality=medium)
भारत की आधी आबादी काम कर सकने में सक्षम उम्र वालों की है और यह देश के लिए लाभकारी स्थिति है.
भारत को दुनिया का ताकतवर अर्थव्यवस्थाओं में शामिल करने का पीएम मोदी का सपना जल्द पूरा हो जाएगा. भारत तेजी से 5,000 अरब डॉलर वाली अर्थव्यवस्था वाला देश बनने की ओर लगातार आगे बढ़ रहा है.
विश्व आर्थिक मंच (WEF) के अध्यक्ष बोर्ज ब्रेंड (Borge Brende) के मुताबिक, निर्णायक नेतृत्व क्षमता के साथ वैश्विक स्तर पर भारत का कद काफी बढ़ा है. भारत अगले 5 सालों में 5,000 अरब डॉलर और उसके बाद अगले 15 साल में 10,000 अरब डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने के लिये तैयार है.
वैश्विक आर्थिक वृद्धि अनुमान से 1 फीसदी कम रहने की पूरी संभावना है जो सन 2000 के दशक के आरंभ में आई वैश्विक मंदी के काफी करीब है, इसके विपरीत दक्षिण एशिया की आर्थिक स्थिति निरंतर मजबूत हो रही है. उन्होंने कहा कि बीती आधी सदी में उभरती हुई और विकासशील अर्थव्यवस्थाओं का वैश्विक उत्पादन में योगदान 15 प्रतिशत से बढ़कर 50 प्रतिशत से भी ऊपर निकल गया है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Modi) की वेबसाइट नरेंद्रमोदी डॉट इन पर लिखे अपने लेख में ब्रेंड ने कहा कि भारत ने एक ऊंची छलांग लगाई है और वह उस वैश्विक दर्जे का अधिकारी है जो उसे प्राप्त हुआ है.
डब्लूईएफ (World Economic Forum) के अध्यक्ष ने इस बात को रेखांकित किया कि भारत की आधी आबादी काम कर सकने में सक्षम उम्र वालों की है और यह देश के लिए लाभकारी स्थिति है. इस वर्ष के वैश्विक नवोन्मष सूचकांक में 52वें स्थान पर चढ़कर भारत उन देशों में शामिल हो गया है जिन्होने पिछले नौ वर्षों में लगातार अपनी स्थिति में सुधार किया है.