Anjeer ki kheti: किसान की आय बढ़ाने के लिए सरकार कई योजनाएं चला रही है. इस कड़ी में बिहार सरकार अब राज्य में अंजीर की खेती (Fig Cultivation) को बढ़ावा देने के लिए विशेष योजना लेकर आई है. उद्यान निदेशालय, कृषि विभाग ने 2025-26 और 2026-27 के लिए ‘अंजीर फल विकास योजना’ (Anjeer Phal Vikas Yojana) की शुरुआत की है. इसके तहत किसानों को अनुदान देकर इस फल की खेती के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है.
बाजार में अंजीर के फल की अच्छी कीमत मिलने के कारण इसकी खेती करने वाले किसान भाई अच्छा मुनाफा कमा सकते हैं. अंजीर का फल अपने स्वास्थ्यवर्धक गुणों के लिए भी जाना जाता है. इसमें अनेक प्रकार के पोषक तत्व विटामिन ए, विटामिन बी, विटामिन सी, फाइबर और कैल्शियम पाये जाते हैं.
Add Zee Business as a Preferred Source
क्या है योजना का उद्देश्य?
इस योजना का मुख्य उद्देश्य राज्य में किसानों की आय को बढ़ाना और अंजीर जैसे बहुपयोगी और लाभकारी फल की खेती को बढ़ावा देना है.
32 जिलों में लागू होगी योजना
अंजीर फल विकास योजना तहत बिहार के 32 जिलों में चलाई जाएगी. ये जिले हैं-
- पश्चिम चंपारण
- पूर्वी चंपारण
- शिवहर
- सीतामढ़ी
- मधुबनी
- सुपौल
- अररिया
- किशनगंज
- पूर्णिया
- मधेपुरा
- दरभंगा
- मुजफ्फरपुर
- गोपालगंज
- सीवान
- सारण
- वैशाली
- समस्तीपुर
- बेगूसराय
- खगड़िया
- भागलपुर
- मुंगेर
- लखीसराय
- नालंदा
- पटना
- भोजपुर
- बक्सर
- रोहतास
- औरंगाबाद
- गया
- जमुई
- जहानाबाद
- अरवल
कितना मिलेगा अनुदान?
- अंजीर फल विकास योजना के तहत इसकी खेती पर वित्त वर्ष 2025-26 और 2026-27 के लिए प्रति हेक्टेयर 1.25 लाख रुपये की लागत तय की गई है.
- इसकी खेती करने वाले किसानों को सरकार उनकी लागत का 40% यानी 50,000 रुपये का अनुदान देगी.
- 2025-26 में यह अनुदान का 60% यानी 30,000 रुपये और 2026-27 में 40% यानी 20,000 रुपये किसानों को मिलेगा.
यहां करें आवेदन
- अंजीर फल विकास योजना का फायदा लेने के लिए किसान ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं.
- इसके लिए कृषि विभाग के उद्यान निदेशालय की वेबसाइट horticulture.bihar.gov.in पर जाकर आवेदन करना होगा.
- किसान आधिकारिक वेबसाइट के होम पेज पर जाने के बाद योजना का विकल्प चुनें.
- यहां जाने के बाद आप 'अंजीर फल विकास योजना' पर क्लिक करें.
- इसके बाद अंजीर की खेती पर सब्सिडी के लिए आवेदन करें.
- यहां क्लिक करने के बाद आपके सामने रजिस्ट्रेशन फॉर्म खुलकर आ जाएगा.
- इसके बाद मांगी गई सारी जानकारी को ध्यानपूर्वक और सही-सही भर दें.
- सभी डिटेल भरने के बाद आपका आवेदन सफलतापूर्वक जमा हो जाएगा.
कैसे करें खेती
- अंजीर की किस्में- अंजीर (Anjeer) की मुख्य किस्म 'डायना' है जिसे पौधों के बीच 4x4 मीटर की दूरी पर लगाया जाता है. इसके अलवाा, सिमराना, कालीमिरना, कडोटा, काबुल, मार्सलीज और व्हाइट सैन पैट्रो आदि काफी लोकप्रिय हैं. वहीं, पूना अंजीर (एड्रियाटिक), जो महाराष्ट्र के पुणे क्षेत्र में उगाया जाता है, भी काफी लोकप्रिय किस्म है.
- तापमान और मिट्टी- अंजीर की खेती (Anjeer ki Kheti) को शुष्क और अर्ध-शुष्क वातावरण, भरपूर धूप और मध्यम तापमान और मध्यम पानी की जरूरत होती है. अंजीर, ज्यादा तापमाना यानी 45 डिग्री सेंटीग्रेड तक में जीवित रह सकता है.
कितनी हो सकती है कमाई
- एक हेक्टेयर अंजीर के 625 पौधे लगा सकते हैं. अंजीर की खेती के लिए 4.OX4.O मीटर पौधों से पौधों की दूरी के अनुसार लगाएं.
- अंजीर की उपज इसकी किस्मों पर निर्भर करती है.
- इसके एक पौधे से लगभग 20 किलो अंजीर फल मिलते हैं.
- बाजार में अंजीर का भाव 1,200 रुपये प्रति किलो रहता है.
- इस हिसाब से एक हेक्टेयर खेत में अंजीर की खेती से 1.5 करोड रुपये तक की कमाई हो सकती है.
यहां करें संपर्क
- किसान अनुदान से संबंधित विशेष जानकारी के लिए जिला उद्यान पदाधिकारी से संपर्क कर सकते हैं.
- अंजीर फल विकास योजना के बारे में ज्यादा जानकारी के लिए https://horticulture.bihar.gov.in पर जाएं.
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)
सवाल: अंजीर फल विकास योजना क्या है?
जवाब: यह बिहार सरकार द्वारा चलाई गई एक योजना है, जिसका उद्देश्य किसानों को अंजीर की खेती के लिए अनुदान देना है.
सवाल: यह योजना किन जिलों में लागू होगी?
जवाब: यह योजना बिहार के 32 जिलों में लागू होगी.
सवाल: योजना के अंतर्गत कितना अनुदान मिलेगा?
जवाब: कुल 40% यानी 50 हजार रुपये मिलेगा.
सवाल: अंजीर की खेती के लिए किन दस्तावेजों की जरूरत होगी?
जवाब: भूमि स्वामित्व प्रमाण पत्र या राजस्व रसीद जरूरी होंगे.
सवाल: आवेदन कहां और कैसे करें?
जवाब: आवेदन ऑनलाइन करना होगा.