Wipro Share Buyback: रिकॉर्ड डेट हो गई तय, ₹250 प्रति शेयर पर ₹15,000 करोड़ का बायबैक; इन निवेशकों को मिलेगा फायदा

Wipro Share Buyback: आईटी कंपनी ने इससे पहले 16 अप्रैल 2026 को बायबैक प्रस्ताव को मंजूरी दी थी. बाद में 21 मई 2026 को शेयरधारकों से भी इसकी मंजूरी मिल गई. कंपनी टेंडर ऑफर रूट के जरिए अधिकतम 60 करोड़ fully paid-up equity shares वापस खरीदेगी.
Wipro Share Buyback: रिकॉर्ड डेट हो गई तय, ₹250 प्रति शेयर पर ₹15,000 करोड़ का बायबैक; इन निवेशकों को मिलेगा फायदा

Wipro ने शेयर बायबैक की रिकॉर्ड डेट तय कर दी है. (प्रतीकात्मक तस्वीर: AI/ChatGPT)

Wipro Share Buyback: दिग्गज आईटी कंपनी Wipro ने अपने 15,000 करोड़ रुपये के शेयर बायबैक प्रोग्राम के लिए 5 जून 2026 को रिकॉर्ड डेट तय कर दी है. यानी इस तारीख तक जिन निवेशकों के पास कंपनी के शेयर होंगे, वही बायबैक के लिए पात्र माने जाएंगे.

आईटी कंपनी ने इससे पहले 16 अप्रैल 2026 को बायबैक प्रस्ताव को मंजूरी दी थी. बाद में 21 मई 2026 को शेयरधारकों से भी इसकी मंजूरी मिल गई.

250 रुपये प्रति शेयर पर होगा बायबैक

कंपनी टेंडर ऑफर रूट के जरिए अधिकतम 60 करोड़ fully paid-up equity shares वापस खरीदेगी. यह कंपनी की कुल इक्विटी का 5% से ज्यादा हिस्सा है. Wipro ने बायबैक प्राइस 250 रुपये प्रति शेयर तय किया है. कुल बायबैक साइज 15,000 करोड़ रुपये तक रहेगा.

कंपनी ने एक्सचेंज फाइलिंग में कहा कि प्रमोटर और प्रमोटर ग्रुप के सदस्य भी इस बायबैक में हिस्सा लेने का इरादा रखते हैं.

करीब 3 साल बाद आ रहा बायबैक

Wipro लगभग तीन साल बाद शेयर बायबैक ला रही है. इससे पहले कंपनी ने जून 2023 में 12,000 करोड़ रुपये का बायबैक किया था. उस दौरान कंपनी ने 26.96 करोड़ शेयर 445 रुपये प्रति शेयर के भाव पर वापस खरीदे थे. हालांकि वह कीमत दिसंबर 2024 में घोषित 1:1 बोनस इश्यू से पहले की थी.

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निवेशकों के लिए रिकॉर्ड डेट क्यों अहम?

बायबैक में हिस्सा लेने के लिए रिकॉर्ड डेट बेहद अहम होती है. 5 जून 2026 तक जिन निवेशकों के डीमैट खाते में Wipro के शेयर होंगे, वे tender offer में अपने शेयर कंपनी को बेच सकेंगे.

आमतौर पर बायबैक में कंपनी बाजार भाव से प्रीमियम कीमत ऑफर करती है, जिससे योग्य निवेशकों को अतिरिक्त फायदा मिल सकता है.

Wipro के Q4 नतीजे कैसे रहे?

मार्च तिमाही में Wipro का मुनाफा अनुमान से थोड़ा बेहतर रहा. कंपनी का नेट प्रॉफिट बढ़कर 3,522 करोड़ रुपये पहुंच गया, जो पिछली तिमाही के 3,145 करोड़ रुपये से करीब 12-13% ज्यादा है.

रेवेन्यू 24,236 करोड़ रुपये रहा, जो बाजार अनुमान से थोड़ा कम था. तिमाही आधार पर रेवेन्यू ग्रोथ 2.9% रही. हालांकि मार्जिन्स में सुधार देखने को मिला, जिससे प्रॉफिटेबिलिटी मजबूत बनी रही.

शेयर में भी दिखी तेजी

रिकॉर्ड डेट घोषणा से पहले शुक्रवार को Wipro का शेयर NSE पर 1.62% की बढ़त के साथ 202.97 रुपये पर बंद हुआ.

आर्टिकल से जुड़े महत्वपूर्ण सवाल (FAQs)

Q1 Share buyback क्या होता है?

जब कोई कंपनी अपने ही शेयर निवेशकों से वापस खरीदती है, उसे share buyback कहा जाता है.

Q2 Tender offer buyback क्या होता है?

इस प्रक्रिया में eligible shareholders तय कीमत पर कंपनी को अपने शेयर ऑफर कर सकते हैं.

Q3 क्या सभी शेयरधारक बायबैक में हिस्सा ले सकते हैं?

हां, लेकिन केवल वे निवेशक पात्र होंगे जिनके पास रिकॉर्ड डेट तक शेयर होंगे.

Q4 Buyback से निवेशकों को क्या फायदा होता है?

अगर buyback price बाजार भाव से ज्यादा हो, तो निवेशकों को बेहतर exit opportunity मिल सकती है.

Q5 क्या buyback के बाद शेयरों की संख्या घटती है?

हां. कंपनी जब शेयर वापस खरीदकर extinguish करती है, तो कुल outstanding shares कम हो जाते हैं.

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