&format=webp&quality=medium)
Cochin Shipyard.(AI Generate Image)
Defence PSU Stock: शिपबिल्डिंग की दिग्गज कंपनी कोचीन शिपयार्ड को लेकर एक गुड न्यूज है. मिनिस्ट्री ऑफ डिफेंस की तरफ से 5 सर्वे वेसल्स को लेकर कंपनी को L1 बिडर चुना गया है. इस खबर के बाद शेयर में सवा चार फीसदी की तेजी है और यह 1530 रुपए (Cochin Shipyard Share Price) पर कारोबार कर रहा है.
BSE की वेबसाइट पर उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, कोचीन शिपयार्ड को डिफेंस मिनिस्ट्री से 5 नेक्स्ट जेनरेशन सर्वे वेसल्स को लेकर L1 बिडर चुना गया है. इसका इस्तेमाल इंडियन नेवी की तरफ से किया जाएगा. माना जा रहा है कि यह ऑर्डर 5000 करोड़ रुपए का होगा. इससे पहले कंपनी को जनवरी के अंत में 2 ग्रीन टग्स का ऑर्डर मिला है. यह ऑर्डर वैल्यु 100-250 करोड़ के दायरे में है.
बता दें कि Q3 रिजल्ट के बाद ब्रोकरेज फर्म एंटीक स्टॉक ब्रोकिंग ने कोचीन शिपयार्ड के शेयर में SELL की रेटिंग को बरकरार रखा था और टारगेट प्राइस 1471 रुपए का दिया था. अपनी रिपोर्ट में ब्रोकरेज ने कहा था कि पीयर्स मझगांव डॉक शिपबिल्डर्स और गार्डन रीच शिपबिल्डर्स के मुकाबले इसकी वैल्युएशन प्रीमियम पर है. ऐसे में Q3 में कमजोर प्रदर्शन को ध्यान में रखते हुए बिकवाली की सलाह दी थी. बता दें कि कंपनी का ऑर्डर बुक 20 हजार करोड़ रुपए के आसपास है.
Cochin Shipyards का शेयर इस समय सवा चार फीसदी की तेजी के साथ 1530 रुपए पर कारोबार कर रहा है. इस शेयर का 52 वीक्स हाई 2547 रुपए और लो 1180 रुपए है. इस शेयर ने जुलाई 2024 में 2980 रुपए का लाइफ हाई बनाया था. 2025 में इस शेयर ने 1180 रुपए का लो बनाया और 2026 में अब तक 1409 रुपए का लो बनाया है.
| (CMP- 1530 के आधार पर) | |||
| Duration | रिटर्न (%) | सेंसेक्स रिटर्न (%) | |
| 1 Week | 0.34 | -0.88 | |
| 2 Weeks | 1.68 | -0.25 | |
| 1 Month | 0.44 | -0.05 | |
| YTD | -5.48 | -1.95 | |
| 3 Months | -10.93 | -1.67 | |
| 6 Months | -9.31 | 3.64 | |
| 1 Year | 26.14 | 9.91 | |
| 2 Years | 83.02 | 15.33 | |
| 3 Years | 527.28 | 36.93 | |
| 5 Years | 754.89 | 61.55 | |
| 10 Years | -- | 257.24 |
कंपनी का मार्केट कैप 40220 करोड़ रुपए है. दिसंबर 2025 के आधार पर प्रमोटर की हिस्सेदारी 67.91% और पब्लिक की हिस्सेदारी 32.09% है. पब्लिक ओनरशिप में करीब 9% इंस्टीट्यूशनल निवेशकों के पास है जिसमें FIIs के पास 2.74% और DIIs के पास 6.47% हिस्सेदारी है. सितंबर तिमाही में इनकी हिस्सेदारी 3.22%/6.48% थी. 24 म्यूचुअल फंड्स के पास 2.47% हिस्सेदारी है जबकि 965902 रीटेल के पास 19.66% हिस्सेदारी है.