आजकल ज्यादातर लोग होम लोन लेते हैं. होम लोन लंबे समय का कर्ज है, ऐसे में इसे चुकाना भी बड़ी जिम्मेदारी बन जाती है. वर्षों बाद जब ये लोन खत्म होता है, तब एक अलग ही सुकून मिलता है क्योंकि हर महीने ईएमआई चुकाने का बोझ खत्म हो जाता है. लेकिन लोन को खत्म करने के बाद आपका काम खत्म नहीं होता. कुछ ऐसे भी जरूरी काम हैं, जिन्हें लोन खत्म होने के बाद पूरा करना जरूरी है. अगर इससे चूक गए तो बाद में मुश्किल झेलेंगे.
1/5होम लोन लेते समय आपने जिस प्रॉपर्टी को भी गिरवी रखा है, उसके ऑरिजिनल डॉक्यूमेंट्स बैंक में जमा किए हैं, लोन बंद कराते समय वो डॉक्यूमेंट्स ध्यान से ले लें. इस मामले में कोई भी भूल न करें क्योंकि इसके साथ अलॉटमेंट लेटर, पजेशन लेटर, लीगल डाक्यूमेंट सेल डीड, बिल्डर-बायर एग्रीमेंट, सेल एग्रीमेंट और अन्य दूसरे कागजात शामिल हो सकते हैं. साथ ही डाक्यूमेंट्स बैंक से लेते समय आपको उसके सभी पेज चेक करने हैं कि कहीं कोई पेज मिसिंग या डैमेज्ड तो नहीं है.
2/5जब आप अपना लोन बंद करते हैं, तो बैंक या फाइनेंशियल कंपनी की तरफ से आपको नो ड्यूज सर्टिफिकेट दिया जाता है. इस सर्टिफिकेट को हर हाल में कलेक्ट कर लें. NDC में लिखा होता है कि सारी बकाया राशि चुकाई जा चुकी है और लेंडर का प्रॉपर्टी पर कोई भी अधिकार या दावा नहीं है. नो ड्यूज सर्टिफिकेट में लोन लेने वाले का नाम, प्रॉपर्टी का एड्रेस, लोन अकाउंट नंबर, लोन ली जाने वाली राशि, लोन शुरू होने की तारीख और लोन चुकाए जाने की तारीख जैसी जानकारियां जरूर दर्ज होनी चाहिए.
3/5कभी-कभी लेंडर प्रॉपर्टी पर लायन (ग्रहणाधिकार) लगा देते हैं और फिर कस्टमर प्रॉपर्टी को बेच नहीं सकता है. ऐसे मामलों में, लोन के रीपेमेंट के बाद लायन (ग्रहणाधिकार) हटवा लिया जाना चाहिए. इसके लिए लेंडर के किसी अधिकारी के साथ रजिस्ट्रार ऑफिस जाना पड़ता है.
4/5नॉन-एन्कम्ब्रन्स सर्टिफिकेट एक कानूनी दस्तावेज है. इस डॉक्यूमेंट में आपकी प्रॉपर्टी से संबंधित सभी फाइनेंशियल ट्रांजैक्शन की डीटेल्स होते हैं- जैसे ये प्रॉपर्टी कब, किसे और कितने में बेची गई. प्रॉपर्टी पर कब और कितने अमाउंट का लोन लिया गया. इसमें रीपेमेंट का पूरा ब्योरा दिखाई देता है. जब आप अपनी प्रॉपर्टी को कहीं बेचने जाते हैं, तब भी आपसे खरीददार एन्कम्ब्रन्स सर्टिफिकेट की मांग करता है. इसलिए होम लोन क्लोज कराने के बाद आपको बैंक से अपडेटेड सर्टिफिकेट जरूर मांगना चाहिए जिसमें आपके लोन क्लोज कराने की जानकारी भी लिखी हो.
5/5लोन को खत्म करने के बाद आप अपना क्रेडिट प्रोफाइल अपडेट जरूर करा लें. इसको अपडेट कराना जरूरी है. अगर ये उस समय नहीं हो पाया है, तो आप क्रेडिट स्कोर पर नजर बनाकर रखें और इसे जल्द से जल्द अपडेट कराएं. ताकि भविष्य में अगर आपको लोन लेने की जरूरत फिर से महसूस हो तो आपको लोन आसानी से मिल सके.