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Air India safety audit: देश की प्रमुख एयरलाइन कंपनी एयर इंडिया (Air India) की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर से बड़ा सवाल उठा है. दरअसल, देश में एविएशन रेगुलेटर नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) ने एयर इंडिया की एक सुरक्षा ऑडिट रिपोर्ट को पेश किया है, जिसने एयर इंडिया की संचालन प्रणाली में 51 सुरक्षा खामियों की पहचान की है. DGCA की इस सालाना जांच रिपोर्ट ने एयरलाइन की सुरक्षा मानकों पर गंभीर चिंताएं खड़ी कर दी हैं.
DGCA की रिपोर्ट के अनुसार, एयर इंडिया की मौजूदा संचालन प्रणाली में प्रशिक्षण मैनुअल्स पुराने पाए गए, पायलटों का प्रशिक्षण अधूरा है, ट्रेनिंग रिकॉर्ड्स बिखरे हुए हैं और रोस्टर बनाने का काम ऐसे स्टाफ के जिम्मे है जिन्हें उचित प्रशिक्षण नहीं मिला है. इतना ही नहीं, कम दृश्यता में उड़ान भरने के लिए जरूरी अनुमतियों में भी अनियमितताएं पाई गई हैं.
इन 51 खामियों में से 7 को DGCA ने "Level I" यानी सबसे गंभीर श्रेणी में रखा है, जिन्हें 30 जुलाई 2025 तक सुधारने का अल्टीमेटम दिया गया है. बाकी 44 कमियां ऐसी हैं जिन्हें 23 अगस्त 2025 तक दूर करना जरूरी है.
DGCA ने एयर इंडिया से स्पष्ट रूप से कहा है कि वह प्रमाणित दस्तावेजों के जरिए यह सिद्ध करे कि उसने सभी सुरक्षा प्रोटोकॉल का पालन किया है. DGCA इस मामले को अब सिर्फ जांच तक सीमित नहीं रखना चाहता, बल्कि जरूरी कार्रवाई की भी तैयारी है.
यह मामला तब और गंभीर हो गया जब हाल ही में सामने आया कि एयर इंडिया का एक विमान बिना इमरजेंसी स्लाइड की नियत समय पर जांच के उड़ान भर रहा था. यह स्लाइड विमान की इमरजेंसी लैंडिंग या निकासी के समय सबसे अहम सुरक्षा उपकरणों में से एक होती है.
23 जुलाई 2025 को DGCA ने एयर इंडिया को तीन अलग-अलग शो-कॉज़ नोटिस जारी किए हैं, जिनका जवाब देने के लिए कंपनी को 15 दिन का समय दिया गया है. इससे पहले DGCA ने संबंधित विमान को तुरंत ग्राउंड कर दिया और सभी जरूरी सुधार पूरे होने तक उड़ान पर रोक लगा दी.
राज्यसभा में नागरिक उड्डयन राज्य मंत्री मुरलीधर मोहोळ ने बताया कि DGCA देशभर में समय-समय पर ऑडिट, स्पॉट चेक और नाइट इंस्पेक्शन जैसे निरीक्षण करता है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि विमानन कंपनियां सुरक्षा और रखरखाव मानकों का पूरी तरह पालन करें. उल्लंघन की स्थिति में नियमानुसार कार्रवाई की जाती है, जिसमें जुर्माना, चेतावनी या लाइसेंस निलंबन तक शामिल है.
उन्होंने यह भी बताया कि DGCA के अधिकारी पूरी तरह प्रशिक्षित हैं और इस साल चढ़धाम यात्रा के दौरान हेलीकॉप्टर ऑपरेशन्स सहित कई अन्य क्षेत्रों में सुरक्षा ऑडिट को तेज किया गया है.