विदेशों में भारतीय कारों का जलवा! जानें कौन सा 'ब्रांड' 24 देशों में बना ग्राहकों की पहली पसंद

SIAM के आंकड़ों के अनुसार, इस अवधि में पैसेंजर व्हीकल्स के कुल निर्यात में सालाना आधार पर 18.4% की बढ़ोतरी दर्ज की गई है.
विदेशों में भारतीय कारों का जलवा! जानें कौन सा 'ब्रांड' 24 देशों में बना ग्राहकों की पहली पसंद

भारतीय ऑटोमोबाइल उद्योग ने चालू वित्त वर्ष 2025-2 की पहली छमाही (अप्रैल-सितंबर) में पैसेंजर व्हीकल्स (PV) निर्यात के मोर्चे पर शानदार प्रदर्शन किया है. सोसायटी ऑफ इंडियन ऑटोमोबाइल मैन्युफैक्चरर्स (SIAM) द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, इस अवधि में पैसेंजर व्हीकल्स के कुल निर्यात में सालाना आधार पर 18.4% की बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जिसमें मारुति सुजुकी इंडिया (MSIL) 2 लाख से ज्यादा यूनिट्स के निर्यात के साथ अग्रणी रही है.

निर्यात में रिकॉर्ड उछाल

अप्रैल-सितंबर 2025 की अवधि में देश से कुल पैसेंजर व्हीकल्स का निर्यात बढ़कर 4,45,884 इकाई तक पहुंच गया, जबकि पिछले वित्त वर्ष की इसी अवधि में यह आंकड़ा 3,76,679 इकाई था.

समीक्षाधीन अवधि में यात्री कारों का निर्यात बढ़कर 2,29,281 इकाई हो गया, जो 2024-25 की अप्रैल-सितंबर अवधि में 2,05,091 इकाई की तुलना में 12% ज्यादा है. इसी प्रकार, अप्रैल-सितंबर अवधि में विदेशी बाजारों में उपयोगिता (यूटिलिटी) वाहनों का निर्यात 26% बढ़कर 2,11,373 इकाई हो गया. चालू वित्त वर्ष की पहली छमाही में वैन का निर्यात 36.5% बढ़कर 5,230 इकाई हो गया.

निर्यातकों में मारुति का दबदबा

समीक्षाधीन अवधि में मारुति सुजुकी (Maruti Suzuki) का निर्यात बढ़कर 2,05,763 इकाई हो गया, जो एक साल पहले इसी अवधि में 1,47,063 इकाई की तुलना में 40% ज्यादा है. हुंदै मोटर इंडिया (Hyundai Motor India) ने अप्रैल-सितंबर की अवधि में 99,540 इकाइयों का निर्यात किया, जो एक साल पहले की समान अवधि के 84,900 इकाइयों से 17% ज्यादा है.

मारुति सुजुकी2,05,76340
हुंडै मोटर इंडिया99,54017
निसान मोटर इंडिया37,605-
फॉक्सवैगन इंडिया28,011-
टोयोटा किर्लोस्कर मोटर18,880-
किआ इंडिया13,666-
होंडा कार्स इंडिया13,243-

निसान मोटर इंडिया (Nissan Motor India) ने समीक्षाधीन अवधि में 37,605 इकाइयों का निर्यात किया, जबकि एक साल पहले इसी अवधि में 33,059 इकाइयों का निर्यात किया था. इसके बाद फॉक्सवैगन इंडिया ने 28,011 इकाइयों का निर्यात किया. टोयोटा किर्लोस्कर मोटर ने 18,880 इकाइयों, किआ इंडिया (Kia India) ने 13,666 इकाइयों और होंडा कार्स इंडिया ने 13,243 इकाइयों का निर्यात किया.

वैश्विक मांग और नए बाजार

सोसायटी ऑफ इंडियन ऑटोमोबाइल मैन्युफैक्चरर्स (SIAM) ने यात्री वाहनों के निर्यात में बढ़ोतरी का श्रेय वैश्विक बाजारों में स्थिर मांग, विशेष रूप से पश्चिम एशिया और लातिनी अमेरिका में मजबूत प्रदर्शन को दिया है.

बाजार विविधीकरण के स्पष्ट रुझान को दर्शाते हुए, भारतीय निर्यातकों ने चालू वित्त वर्ष की पहली छमाही के दौरान 24 देशों में सकारात्मक बढ़ोतरी दर्ज की है, जबकि सितंबर में ऊंचे शुल्कों के कारण अमेरिका को निर्यात में गिरावट आई है.

इन 24 देशों में दक्षिण कोरिया, संयुक्त अरब अमीरात, जर्मनी, टोगो, मिस्र, वियतनाम, इराक, मेक्सिको, रूस, केन्या, नाइजीरिया, कनाडा, पोलैंड, श्रीलंका, ओमान, थाइलैंड, बांग्लादेश, ब्राजील, बेल्जियम, इटली और तंजानिया शामिल हैं.

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल- FAQs

Q1. चालू वित्त वर्ष की पहली छमाहीमें यात्री वाहनों के निर्यात में कुल कितनी बढ़ोतरी हुई?
चालू वित्त वर्ष की पहली छमाही में भारत से यात्री वाहनों का कुल निर्यात 18.4% बढ़कर 4,45,884 इकाई हो गया.

Q2. निर्यात के मामले में कौन सी कंपनी सबसे आगे रही?
मारुति सुजुकी इंडिया निर्यात के मामले में सबसे आगे रही.

Q3. यात्री वाहनों की किस श्रेणी में सबसे ज्यादा बढ़ोतरी दर्ज की गई?
वैन के निर्यात में सबसे ज्यादा 36.5% की बढ़ोतरी दर्ज की गई.

Q4. निर्यात में बढ़ोतरी के मुख्य कारण क्या रहे?
SIAM के अनुसार वैश्विक बाजारों में स्थिर मांग, पश्चिम एशिया और लातिनी अमेरिका के बाजारों में मजबूत प्रदर्शन रहे.

Q5. किन प्रमुख अंतरराष्ट्रीय बाजारों में भारतीय वाहनों की मांग बढ़ी है?
भारतीय निर्यातकों ने पहली छमाही में जिन 24 देशों में सकारात्मक बढ़ोतरी दर्ज की.

(ताजा खबरों के लिए आप हमारे WhatsApp Channel को सब्सक्राइब जरूर करें)

Add Zee Business as a Preferred Source
  1. 1
  2. 2
  3. 3
  4. 4
  5. 5
  6. 6